उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले से एक ऐसी जमीनी हकीकत सामने आई है जो प्रशासनिक लापरवाही और आम जनता की बेबसी की दास्तां बयां करती है। मुगलसराय थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सेमरा गांव से डुमरी की तरफ जाने वाली सड़क इन दिनों किसी मौत के कुएं से कम साबित नहीं हो रही है। इस सिंगल सड़क पर सुबह-सुबह ही भारी-भरकम ट्रकों और ट्रॉलियों का ऐसा तांता लगता है कि स्थानीय नागरिकों, खासकर स्कूली बच्चों और साइकिल-मोटरसाइकिल सवारों के लिए घर से बाहर निकलना किसी जोखिम भरे सफर से कम नहीं रह गया है।
सुबह का वक्त यानी खतरे की घंटी
सूरज की पहली किरण के साथ ही इस ग्रामीण मार्ग पर बेकाबू रफ्तार से दौड़ते गिट्टी और बालू से लदे ओवरलोड वाहन अपनी धमक दिखाने लगते हैं। हालात इतने बदतर हो चुके हैं कि सुबह के वक्त जब छोटे-छोटे मासूम बच्चे अपने कंधों पर बस्ते लादकर स्कूल के लिए निकलते हैं, तो उनके अभिभावकों की सांसें अटक जाती हैं। सिंगल रोड होने के कारण इन विशालकाय वाहनों के सामने आते ही दोपहिया वाहन चालकों को सड़क किनारे गड्ढों या झाड़ियों में अपनी गाड़ी उतारने के लिए मजबूर होना पड़ता है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि उन्होंने कई बार इस संबंध में अपनी चिंताएं जाहिर की हैं, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। सड़क की चौड़ाई पहले ही बेहद कम है और ऊपर से अवैध या अनियंत्रित रूप से गुजरने वाले ये भारी वाहन इस मार्ग को पूरी तरह से नेस्तनाबूद कर चुके हैं।
सड़क किनारे चल रही हैं गिट्टी-बालू की मंडियां
इस पूरी समस्या की जड़ इस मार्ग के आसपास अवैध या अनियोजित तरीके से संचालित होने वाली गिट्टी और बालू की मंडियां हैं। इन स्थानीय डिपो और मंडियों के कारण दिनभर ट्रकों का आना-जाना लगा रहता है। जब ये गाड़ियां बालू और गिट्टी से ओवरलोड होकर गुजरती हैं, तो सड़क पर न सिर्फ धूल का गुबार छा जाता है, बल्कि डामर उखड़ने के कारण बड़े-बड़े गड्ढे भी बन चुके हैं।
- स्कूली बच्चों की सुरक्षा दांव पर: सुबह और छुट्टी के समय बच्चों का इस रास्ते से निकलना बेहद खतरनाक हो गया है।
- सड़क की खस्ताहाल स्थिति: भारी वजन के कारण सिंगल रोड पर कई जगह गहरी दरारें और गड्ढे बन गए हैं।
- प्रशासनिक चुप्पी: स्थानीय लोगों की बार-बार की शिकायतों के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है प्रशासन?
ग्रामीणों में इस बात का भारी रोष है कि क्या स्थानीय प्रशासन और परिवहन विभाग किसी बड़े और वीभत्स हादसे का इंतजार कर रहा है? स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इन भारी वाहनों के प्रवेश पर सुबह के समय रोक नहीं लगाई गई या इस मार्ग के यातायात को डायवर्ट नहीं किया गया, तो यहां कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
लोगों ने मांग की है कि कम से कम स्कूली बच्चों के आने-जाने के समय (पीक ऑवर्स) में इन भारी वाहनों के संचालन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया जाए और सड़क की तुरंत मरम्मत कराई जाए।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. यह समस्या चंदौली के किस इलाके की है?
यह समस्या चंदौली जिले के मुगलसराय थाना क्षेत्र के सेमरा गांव से डुमरी की तरफ जाने वाली सड़क की है।
2. सड़क पर मुख्य खतरा किस वजह से है?
सड़क के आसपास गिट्टी और बालू की मंडियां संचालित होने के कारण और वहां से ओवरलोड बड़े वाहनों के गुजरने से यह खतरा पैदा हुआ है।
3. इससे सबसे ज्यादा किसे परेशानी हो रही है?
इससे रोजाना स्कूल जाने वाले मासूम बच्चों, साइकिल और मोटरसाइकिल सवारों तथा स्थानीय ग्रामीणों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।