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कैबिनेट मीटिंग में मंत्रियों के सोशल मीडिया का खुला ऑडिट, जानिए कौन है नंबर-1 पर

कैबिनेट मीटिंग में मंत्रियों के सोशल मीडिया का खुला ऑडिट, जानिए कौन है नंबर-1 पर

राजनीति और तकनीक का मेल आज के दौर में बेहद अहम हो चुका है। जनता तक अपनी बात पहुंचाने और युवाओं से सीधा संवाद करने के लिए देश के तमाम बड़े नेता सोशल मीडिया का खुलकर इस्तेमाल कर रहे हैं। इसी कड़ी में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में एक हाई-लेवल केंद्रीय कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें सरकार के कामकाज के अलावा एक बेहद दिलचस्प और चौंकाने वाला एजेंडा सामने आया—मंत्रियों के सोशल मीडिया परफॉर्मेंस का ऑडिट!

जी हाँ, इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सभी कैबिनेट सहयोगियों के पिछले कुछ महीनों के सोशल मीडिया सफर का कच्चा-चिट्ठा सबके सामने रख दिया। आइए जानते हैं कि इस रिपोर्ट में किस मंत्री का प्रदर्शन कैसा रहा और खुद प्रधानमंत्री मोदी ने इस मामले में कौन सा स्थान हासिल किया है।

पीएम मोदी ने मारी बाजी, कैबिनेट में रहे सबसे आगे

सोशल मीडिया पर जनता, और खासतौर पर देश के युवाओं से जुड़ाव और एंगेजमेंट के मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूरी कैबिनेट में निर्विवाद रूप से टॉप पर रहे हैं। डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर उनकी सक्रियता और जनता के साथ सीधा जुड़ाव अन्य मंत्रियों के मुकाबले सबसे मजबूत पाया गया है।

खास बात यह है कि पिछले कुछ समय में पीएम मोदी ने अपनी सोशल मीडिया रणनीति में बड़ा बदलाव किया है। वे पारंपरिक प्लेटफॉर्म्स जैसे 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) के साथ-साथ अब इंस्टाग्राम पर भी पूरी तरह सक्रिय हो चुके हैं। युवा वर्ग तक अपनी पहुंच बनाने के लिए उन्होंने वीडियो और रील्स का प्रभावी इस्तेमाल शुरू किया है।

छात्रों के मुद्दे पर इंस्टाग्राम का ऐतिहासिक इस्तेमाल

आपको याद होगा कि 23 जुलाई को देश की राजनीति और छात्र आंदोलनों के बीच एक नया मोड़ आया था। जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र पेपर लीक के मामलों को लेकर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे, ठीक उसी वक्त पीएम मोदी ने अपना पहला वर्टिकल वीडियो इंस्टाग्राम पर जारी किया था।

  • जनता से सीधा संवाद: इस वीडियो के जरिए पीएम मोदी ने सीधे युवाओं और छात्रों को संबोधित किया।
  • कड़ा संदेश: उन्होंने छात्रों को आश्वस्त किया कि सरकार पेपर लीक के खिलाफ सख्त कानून ला रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
  • मंत्रियों को निर्देश: उसी दौरान पीएम ने अपने कैबिनेट सहयोगियों को भी हिदायत दी थी कि वे सिर्फ पारंपरिक बयानों तक सीमित न रहें, बल्कि इंस्टाग्राम पर रील्स और इंटरैक्टिव सेशन के जरिए आज की युवा पीढ़ी से जुड़ें।

साढ़े तीन महीने की मेहनत का लेखा-जोखा: ऐसे तैयार हुई रिपोर्ट

एनडीटीवी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, कैबिनेट बैठक में सभी मंत्रियों को उनकी व्यक्तिगत परफॉर्मेंस रिपोर्ट सौंपी गई है। यह रिपोर्ट हवा में तैयार नहीं की गई, बल्कि इसके पीछे एक मजबूत डेटा एनालिसिस है।

यह रिपोर्ट मुख्य रूप से 1 मई से 15 अगस्त तक यानी साढ़े तीन महीनों की डिजिटल गतिविधियों पर आधारित है। इसमें नेताओं के तीन प्रमुख प्लेटफॉर्म्स — इंस्टाग्राम, एक्स (ट्विटर) और फेसबुक — की बारीकी से जांच की गई है।

किन पैमानों पर आंके गए मंत्री?

मंत्रियों के सोशल मीडिया रिपोर्ट कार्ड को तैयार करने के लिए कई वैज्ञानिक और आधुनिक डिजिटल मैट्रिक्स का इस्तेमाल किया गया है:

  • डेली एवरेज पोस्ट: मंत्री रोजाना औसतन कितने पोस्ट कर रहे हैं।
  • टोटल और एवरेज एंगेजमेंट: उनके पोस्ट पर कुल कितने लोग प्रतिक्रिया दे रहे हैं।
  • लाइक्स और फॉलोअर्स: पोस्ट पर मिलने वाले लाइक्स की औसत संख्या और नए फॉलोअर्स का ग्राफ।

इस पूरी समीक्षा का मुख्य उद्देश्य मंत्रियों को यह समझाना है कि वे केवल अपनी विभागीय योजनाओं की घोषणा तक सीमित न रहें, बल्कि डिजिटल दुनिया में सक्रिय रहकर जनता की नब्ज को समझें। बैठक में सभी को अपनी डिजिटल रीच और एंगेजमेंट को बढ़ाने के लिए विशेष सलाह भी दी गई है।

अब आगे क्या? क्या मंत्रियों की परफॉर्मेंस तय करेगी उनका भविष्य?

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह का सोशल मीडिया ऑडिट इस बात का संकेत है कि सरकार डिजिटल गवर्नेंस और पब्लिक कनेक्ट को कितना महत्व दे रही है। आने वाले दिनों में जनता के बीच जिनकी पकड़ डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कमजोर पाई गई है, उन्हें अपनी कार्यशैली में सुधार करना होगा। क्या इस रिपोर्ट के आधार पर आने वाले समय में मंत्रिमंडल में कोई फेरबदल देखने को मिलेगा? यह तो वक्त ही बताएगा, लेकिन इतना तय है कि अब नेताओं के लिए जनता के बीच रहना जितना जरूरी है, उतना ही स्क्रीन पर भी एक्टिव रहना अनिवार्य हो गया है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

1. कैबिनेट बैठक में मंत्रियों के किस परफॉर्मेंस की समीक्षा की गई?

इस बैठक में सभी केंद्रीय मंत्रियों के सोशल मीडिया (इंस्टाग्राम, एक्स, फेसबुक) परफॉर्मेंस की समीक्षा की गई, जिसमें उनके पोस्ट, एंगेजमेंट और जनता से जुड़ाव का डेटा शामिल था।

2. सोशल मीडिया परफॉर्मेंस में कौन सा नेता सबसे आगे रहा?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं और आम जनता से जुड़ाव तथा डिजिटल एंगेजमेंट के मामले में पूरी कैबिनेट में सबसे शीर्ष (Top) पर रहे हैं।

3. यह रिपोर्ट कितने समय की गतिविधियों पर आधारित है?

यह रिपोर्ट मुख्य रूप से 1 मई से 15 अगस्त यानी साढ़े तीन महीनों की सोशल मीडिया गतिविधियों के डेटा पर आधारित है।

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रिपोर्टर: Mamata Pathak

यह खबर हमारी एडिटोरियल टीम द्वारा पूरी रिसर्च और प्रामाणिकता के साथ पब्लिश की गई है। हम आप तक सबसे सटीक और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।