Breaking
► जब सिर्फ 2 दिन में खत्म हो गया था टेस्ट मैच, क्रिकेट इतिहास का सबसे अनोखा दिन ► बर्फ और गत्ते के डिब्बों में छिपाकर ले जा रहे थे 2000 किलो गोमांस, पुलिस ने ऐसे बिछाया जाल ► लिव-इन में भी मिलेगी 498A की सुरक्षा, सुप्रीम कोर्ट के फैसले से क्या बदलेगा? ► मुंडे के कांग्रेस में जाने के दावे पर भड़के बावनकुले, चव्हाण को दिया कड़ा जवाब ► 134 साल पुराना कावेरी जल विवाद: क्यों फिर आमने-सामने आए कर्नाटक और तमिलनाडु? ► डोनाल्ड ट्रंप ने की भारत की चुनाव व्यवस्था की जमकर तारीफ, अमेरिका में बिना फोटो आईडी वोटिंग पर लगाई रोक की मांग ► चंदौली समाधान दिवस: 30 में से सिर्फ 3 मामलों का निस्तारण, DM-SP सख्त ► चुनावी ड्यूटी में लापरवाही पड़ी भारी, 6 लेखपालों का वेतन रुका; SDM का कड़ा एक्शन ► समुद्र के भीतर बड़ा खतरा! हिंद महासागर में चीन की खुफिया चालों से भारत की बढ़ी चिंता ► झारखंड में आखिर क्यों खत्म हुआ 16 दिन का महा-अनशन? देवेंद्र महतो ने खोले पत्ते ► जब सिर्फ 2 दिन में खत्म हो गया था टेस्ट मैच, क्रिकेट इतिहास का सबसे अनोखा दिन ► बर्फ और गत्ते के डिब्बों में छिपाकर ले जा रहे थे 2000 किलो गोमांस, पुलिस ने ऐसे बिछाया जाल ► लिव-इन में भी मिलेगी 498A की सुरक्षा, सुप्रीम कोर्ट के फैसले से क्या बदलेगा? ► मुंडे के कांग्रेस में जाने के दावे पर भड़के बावनकुले, चव्हाण को दिया कड़ा जवाब ► 134 साल पुराना कावेरी जल विवाद: क्यों फिर आमने-सामने आए कर्नाटक और तमिलनाडु? ► डोनाल्ड ट्रंप ने की भारत की चुनाव व्यवस्था की जमकर तारीफ, अमेरिका में बिना फोटो आईडी वोटिंग पर लगाई रोक की मांग ► चंदौली समाधान दिवस: 30 में से सिर्फ 3 मामलों का निस्तारण, DM-SP सख्त ► चुनावी ड्यूटी में लापरवाही पड़ी भारी, 6 लेखपालों का वेतन रुका; SDM का कड़ा एक्शन ► समुद्र के भीतर बड़ा खतरा! हिंद महासागर में चीन की खुफिया चालों से भारत की बढ़ी चिंता ► झारखंड में आखिर क्यों खत्म हुआ 16 दिन का महा-अनशन? देवेंद्र महतो ने खोले पत्ते

चंदौली में गरजा भाकियू बढ़ती महंगाई और कृषि नीतियों के खिलाफ एसडीएम को ज्ञापन PM से गुहार

चंदौली में गरजा भाकियू बढ़ती महंगाई और कृषि नीतियों के खिलाफ एसडीएम को ज्ञापन PM से गुहार


चंदौली: किसानों की ज्वलंत समस्याओं को लेकर भाकियू (टिकैत) ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

चंदौली (उत्तर प्रदेश): भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने देश भर के किसानों की गंभीर समस्याओं और कृषि क्षेत्र की चुनौतियों को लेकर मंगलवार को बिछिया धरना स्थल पर जोरदार प्रदर्शन किया। मंडल प्रवक्ता मणि देव चतुर्वेदी के नेतृत्व में एकत्र हुए दर्जनों किसानों ने प्रधानमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन उपजिलाधिकारी (सदर) को सौंपा।

खेती बनी घाटे का सौदा: मणि देव चतुर्वेदी

ज्ञापन सौंपने के बाद सभा को संबोधित करते हुए वाराणसी मंडल के प्रवक्ता मणि देव चतुर्वेदी ने कहा कि वर्तमान समय में देश का कृषि क्षेत्र अब तक के सबसे संकटपूर्ण दौर से गुजर रहा है।

उन्होंने कृषि क्षेत्र की प्रमुख समस्याओं को रेखांकित करते हुए कहा:

  • बढ़ती लागत और अनिश्चितता: डीजल, बिजली, बीज, खाद और कृषि यंत्रों के दामों में बेतहाशा वृद्धि ने खेती को पूरी तरह घाटे का सौदा बना दिया है।
  • समय पर भुगतान न होना: देश के कई राज्यों में गन्ना किसानों का बकाया भुगतान महीनों से लंबित है, जिससे किसान आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं।
  • उर्वरक संकट: ऐन बुवाई के समय किसानों को उर्वरक (खाद) के लिए लंबी लाइनों में लगना पड़ता है।
  • प्राकृतिक आपदाओं की मार: बाढ़, सूखा, अतिवृष्टि और भूस्खलन जैसी आपदाओं से फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है, लेकिन उचित मुआवजा न मिलने से किसान कर्ज के जाल में फंसते जा रहे हैं।

विदेशी व्यापार समझौतों से भारतीय किसानों को खतरा

मंडल प्रवक्ता ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और अन्य 'मुक्त व्यापार समझौतों' (FTA) पर गहरा ऐतराज जताया। उन्होंने कहा:

"यदि भारतीय कृषि और डेयरी क्षेत्र को बिना किसी सुरक्षात्मक दायरे के विदेशी कॉरपोरेट कंपनियों के लिए खोल दिया गया, तो इसका सीधा असर देश के करोड़ों छोटे व सीमांत किसानों पर पड़ेगा। विदेशी कृषि उत्पादों पर भारी सब्सिडी मिलती है; यदि उनका आयात बढ़ा, तो हमारी एमएसपी (MSP) व्यवस्था, सार्वजनिक खरीद प्रणाली और खाद्य सुरक्षा पूरी तरह ध्वस्त हो जाएगी।"

इन किसान नेताओं की रही मौजूदगी

बिछिया धरना स्थल पर आयोजित इस सभा की अध्यक्षता रामनारायण यादव ने की, जबकि मंच संचालन स्वयं मणि देव चतुर्वेदी ने किया।

इस अवसर पर जिला सचिव अलाउद्दीन, जिलाध्यक्ष बहादुर यादव, सदर तहसील अध्यक्ष कन्हैया, श्रवण मौर्या, संगठन मंत्री हाकिम सुलेमानी, ब्लॉक अध्यक्ष जिउत, भोला चौहान, अशोक सिंह, अशोक यादव, रतन सिंह, गोपाल सिंह और अजय सिंह सहित लगभग पचास से अधिक किसान मौजूद रहे।

✍️

रिपोर्टर: admin

यह खबर हमारी एडिटोरियल टीम द्वारा पूरी रिसर्च और प्रामाणिकता के साथ पब्लिश की गई है। हम आप तक सबसे सटीक और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।