महाराष्ट्र के धुले जिले में प्रशासनिक सेवाओं को सीधे समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए एक बड़े अभियान की शुरुआत हो चुकी है। आज यानी 17 सितंबर 2026 से लेकर आगामी 17 अक्टूबर 2026 तक पूरे जिले में 'सेवा संकल्प अभियान' का भव्य आयोजन किया जा रहा है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं के लाभ को आम जनता तक बिना किसी रुकावट के पहुंचाना और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को और अधिक पारदर्शी व सुलभ बनाना है।
यह पूरा अभियान देश के प्रधानमंत्री के रूप में एक लंबा और महत्वपूर्ण कार्यकाल पूरा होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। राज्य के विपणन व शिष्टाचार मंत्री तथा धुले जिले के पालकमंत्री जयकुमार रावल के कुशल मार्गदर्शन में जिला प्रशासन ने इसकी व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। प्रशासन का लक्ष्य है कि इस एक महीने के दौरान जिले का कोई भी पात्र नागरिक सरकारी सुविधाओं से वंचित न रहे।
जिला प्रशासन की अनूठी पहल: गाँव-गाँव पहुँचेगी प्रशासनिक सेवाएं
धुले की जिलाधिकारी भाग्यश्री विसपुते ने हाल ही में एक प्रेस वार्ता के दौरान इस महीने भर चलने वाले महा-अभियान की रूपरेखा साझा की। उन्होंने बताया कि इस अभियान का मकसद केवल कागजी कार्रवाई करना नहीं है, बल्कि धरातल पर लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। इसके लिए प्रशासनिक अमला खुद चलकर गांवों और वार्डों तक पहुंचेगा।
इस अभियान के तहत दो प्रमुख शिविरों का आयोजन किया जा रहा है:
- सेवा सेतु अभियान शिविर: इसके माध्यम से विभिन्न विभागों की योजनाओं का लाभ जनता को सीधे दिया जाएगा।
- छत्रपति शिवाजी महाराज महाराजस्व समाधान शिविर: इन शिविरों में 'आपले सरकार सेवा केंद्र' के जरिए मौके पर ही आवेदन प्रक्रिया पूरी की जाएगी और पात्र लाभार्थियों को तुरंत प्रमाण पत्र व सरकारी लाभ वितरित किए जाएंगे।
'सेवा माझे योगदान' से संवारे जाएंगे गांव और शहर
इस अभियान के अंतर्गत जिले के प्रत्येक गांव और शहरी वार्ड में 'सेवा माझे योगदान' कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस सामाजिक महायज्ञ में युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों के साथ-साथ कला, साहित्य और खेल जगत की जानी-मानी हस्तियां भी बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रही हैं। जनसहभागिता के इस मॉडल से समाज के हर वर्ग को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
इस दौरान कई सेवाभावी और रचनात्मक कार्य संपन्न किए जाएंगे, जिनमें प्रमुख हैं:
- विशाल रक्तदान शिविरों का आयोजन।
- अनाथालयों और वृद्धाश्रमों का दौरा कर जरूरतमंदों को सहायता प्रदान करना।
- पर्यावरण संतुलन के लिए व्यापक स्तर पर पौधारोपण।
- आम जनता के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच और योग शिविर।
- प्लास्टिक मुक्ति को लेकर जागरूकता अभियान।
- युवाओं के लिए करियर काउंसलिंग और वरिष्ठ नागरिकों के लिए डिजिटल साक्षरता कक्षाएं।
पोषण और वन अधिकारों पर विशेष जोर
अभियान के दौरान बच्चों और माताओं के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। 'आंगनवाड़ी उत्सव' के माध्यम से पोषण स्तर को सुधारने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही, उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनवाड़ी सेविकाओं और आशा कार्यकर्ताओं को सम्मानित भी किया जाएगा ताकि उनका उत्साहवर्धन हो सके।
इसके अलावा, वनों पर निर्भर रहने वाले नागरिकों और आदिवासियों के लिए विशेष बैठकें आयोजित की जा रही हैं। प्रशासन का लक्ष्य है कि इन बैठकों के माध्यम से सभी लंबित वन अधिकार दावों का शत-प्रतिशत निपटारा जल्द से जल्द किया जाए।
जल, जन और सेवा संकल्प यात्रा का होगा भव्य स्वागत
धुले जिले के विकास और जल संरक्षण के महत्व को रेखांकित करती हुई 'जल, जन और सेवा संकल्प यात्रा' का जिले में जोरदार स्वागत किया जा रहा है। इस यात्रा के साथ एक अत्याधुनिक एलईडी स्क्रीन वाली प्रचार वाहन भी चल रहा है, जिसके जरिए शासन की विभिन्न विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी नीतियों पर आधारित लघु फिल्में गांवों में दिखाई जा रही हैं, ताकि लोग योजनाओं के प्रति जागरूक हो सकें।
युवाओं और छात्रों के लिए प्रतियोगिताएं
भावी पीढ़ी को देश के भविष्य निर्माण से जोड़ने के लिए स्कूली और कॉलेज के छात्रों के वास्ते विशेष प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है। 'मेरे सपनों का भारत' और 'विकसित भारत-2047' जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चित्रकला और भाषण (वक्तृत्व) प्रतियोगिताएं आयोजित हो रही हैं। इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को जिला स्तर पर आयोजित एक भव्य समारोह में सम्मानित और पुरस्कृत किया जाएगा।
सांस्कृतिक और जन-उत्सव का माहौल
धुले के शहरी और ग्रामीण इलाकों में इस अभियान को एक उत्सव का रूप दिया गया है। आज 17 सितंबर को अभियान के पहले दिन शहर में एक विशाल बाइक रैली निकाली गई। इसके साथ ही मानव श्रृंखला बनाई गई और प्राकृतिक वस्तुओं का उपयोग करते हुए आकर्षक 'संकल्प रंगोली' सजाई गई।
स्थानीय लोककला पथकों द्वारा 'नमो सेवागाथा' की प्रस्तुतियां दी जा रही हैं जो लोगों को खूब आकर्षित कर रही हैं। इसके अलावा, जिन लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ मिला है, उनके घरों पर दीप प्रज्वलित किए जा रहे हैं और उनकी सफलता की प्रेरणादायक कहानियों के वीडियो बनाकर सोशल मीडिया व अन्य माध्यमों से साझा किए जा रहे हैं ताकि अन्य लोग भी इनसे प्रेरणा ले सकें।
धुले जिला प्रशासन के इस एक महीने लंबे 'सेवा संकल्प अभियान' से यह स्पष्ट है कि सरकार का फोकस अब रिमोट गवर्नेंस से हटकर सीधे जनता के दरवाजे तक पहुंचकर उनकी तकलीफों को दूर करने पर है। आने वाले दिनों में इन शिविरों के माध्यम से हजारों लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आने की पूरी उम्मीद है।