सुबह-सुबह जब बच्चों की किलकारियों से स्कूल गूंज रहे थे और कोर्ट परिसरों में वकीलों व मुवक्किलों की आवाजाही शुरू हुई थी, तभी एक ऐसा ईमेल आया जिसने पलभर में सब कुछ बदलकर रख दिया। महाराष्ट्र के नागपुर शहर से एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है, जहां के 12 प्रतिष्ठित स्कूलों और जिला अदालत को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। इस धमकी के बाद से पूरे शहर में सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं और लगातार तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।
सुबह 10 बजे आया धमकी भरा ईमेल
मंगलवार की सुबह करीब 10 बजे का वक्त था। नागपुर के कई जाने-माने स्कूलों के ऑफिशियल ईमेल इनबॉक्स में एक नया मेल गिरा। जब संबंधित स्कूलों के प्रधानाचार्यों (Principals) और प्रबंधन ने उस मेल को खोला, तो उनके होश उड़ गए। ईमेल में सीधे तौर पर धमकी दी गई थी कि उनके स्कूलों को बम से उड़ा दिया जाएगा। इस टारगेट लिस्ट में केवल स्कूल ही नहीं, बल्कि नागपुर जिला अदालत (Nagpur District Court) को भी शामिल किया गया था।
जैसे ही यह बात फैली, प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में पुलिस प्रशासन को इसकी सूचना दी गई, जिसके बाद शहर के तमाम संवेदनशील इलाकों में पुलिस छावनी जैसा माहौल बन गया।
ईमेल में आरएसएस (RSS) को लेकर क्या कहा गया?
सूत्रों के मुताबिक, यह धमकी भरा ईमेल सिर्फ एक सामान्य चेतावनी नहीं था, बल्कि इसके पीछे एक वैचारिक नाराजगी का जिक्र किया गया था। ईमेल भेजने वाले ने आरोप लगाया कि इन स्कूलों में पढ़ने वाले मासूम छात्रों पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की विचारधारा को जबरन थोपा जा रहा है। इसी बात से नाराज होकर यह धमकी दी गई और लिखा गया कि अब इन संस्थानों को बम से उड़ाने का वक्त आ गया है। हालांकि, पुलिस इस एंगल से भी गहराई से जांच कर रही है कि क्या यह महज किसी की शरारत है या इसके पीछे कोई बड़ा षड्यंत्र है।
किन-किन स्कूलों को बनाया गया है निशाना?
धमकी की सूची में नागपुर के कई नामी-गिरामी शिक्षण संस्थान शामिल हैं। इनमें प्रमुख रूप से:
- भंडवाड़ी और सदर स्थित सेंटर पॉइंट स्कूल की शाखाएं
- अजनी, काटोल और वायुसेना नगर (Vayu Sena Nagar) स्थित केंद्रीय विद्यालय (Kendriya Vidyalaya) की शाखाएं
- इसके अलावा नागपुर जिला कोर्ट का परिसर
इन सभी जगहों पर जैसे ही धमकी की पुष्टि हुई, स्थानीय थानों की पुलिस फौरन एक्शन मोड में आ गई।
सुरक्षा एजेंसियों का ताबड़तोड़ एक्शन: BDDS और डॉग स्क्वॉड तैनात
घटना की गंभीरता को देखते हुए नागपुर पुलिस कमिश्नरेट ने कोई भी जोखिम लेना मुनासिब नहीं समझा। तुरंत बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (BDDS) को मौके पर रवाना किया गया।
जांच से जुड़ी मुख्य बातें:
- परिसर खाली कराना: एहतियात के तौर पर स्कूलों और कोर्ट परिसर के कुछ हिस्सों को तुरंत खाली कराया गया ताकि गहन तलाशी ली जा सके।
- डॉग स्क्वॉड की एंट्री: दोपहर करीब 12:00 बजे विशेष डॉग स्क्वॉड टीमों को भी अलग-अलग परिसरों में झोंक दिया गया, ताकि किसी भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक (Explosive Material) का तुरंत पता लगाया जा सके।
- साइबर सेल एक्टिव: नागपुर पुलिस की साइबर शाखा ने उस सर्वर और आईपी एड्रेस (IP Address) को ट्रेस करना शुरू कर दिया है, जहां से यह ईमेल भेजा गया था। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस मेल के पीछे असली मास्टरमाइंड कौन है।
अभिभावकों में फैली चिंता, पुलिस ने की संयम बरतने की अपील
अचानक स्कूलों के बाहर भारी पुलिस बल और सुरक्षा वाहनों को देखकर आसपास के इलाकों में सनसनी फैल गई। जैसे ही अभिभावकों (Parents) को इस धमकी के बारे में सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से पता चला, उनमें से कई घबराकर अपने बच्चों के स्कूलों की तरफ दौड़ पड़े।
हालांकि, स्थिति को नियंत्रण से बाहर जाने से रोकने के लिए पुलिस ने तुरंत मोर्चा संभाला। नागपुर के संयुक्त पुलिस आयुक्त (Joint CP) नवीनचंद्र रेड्डी ने वायरलेस कम्युनिकेशन सिस्टम के जरिए सभी संबंधित अधिकारियों और थानों को स्पष्ट निर्देश जारी किए कि वे स्थिति पर पैनी नजर रखें और किसी भी तरह की अफवाह को न फैलने दें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
Q1: नागपुर में किन जगहों को बम से उड़ाने की धमकी मिली है?
उत्तर: नागपुर के 12 प्रतिष्ठित स्कूलों (जैसे सेंटर पॉइंट स्कूल और विभिन्न केंद्रीय विद्यालय) और नागपुर जिला अदालत को यह धमकी भरा ईमेल मिला है।
Q2: धमकी भरे ईमेल में क्या वजह बताई गई है?
उत्तर: भेजने वाले ने ईमेल में आरोप लगाया है कि इन स्कूलों में छात्रों पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की विचारधारा थोपी जा रही है, जिसके विरोध में यह धमकी दी गई है।
Q3: फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां क्या कर रही हैं?
उत्तर: पुलिस, बीडीडीएस (BDDS) और डॉग स्क्वॉड सभी संबंधित परिसरों की गहन जांच कर रहे हैं। वहीं, साइबर सेल ईमेल भेजने वाले के आईपी एड्रेस और लोकेशन का पता लगाने में जुटी है।