दिल्ली के नरेला में सनसनी: दिनदहाड़े प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या
राजधानी दिल्ली के नरेला इलाके से एक बेहद दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने एक बार फिर यहां के कानून-व्यवस्था और अपराधियों के हौसलों पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। दिनदहाड़े एक प्रॉपर्टी डीलर को गोलियों से भून दिया गया। हमलावरों ने इतनी बेरहमी से गोलीबारी की कि मौके पर ही हड़कंप मच गया। इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है और पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
मृतक की पहचान प्रमोद कुमार के रूप में हुई है, जो पेशे से एक प्रॉपर्टी डीलर थे। शुरुआती जानकारियों के मुताबिक, बदमाशों ने इस पूरी वारदात को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया। हमलावर पहले से ही घात लगाए बैठे थे और जैसे ही उन्हें मौका मिला, उन्होंने प्रमोद कुमार को निशाना बनाते हुए ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।
सामने आया खौफनाक CCTV फुटेज, बाइक पर भागते दिखे हत्यारे
इस हत्याकांड से जुड़ा एक बेहद अहम और चौंकाने वाला सीसीटीवी (CCTV) फुटेज अब पुलिस के हाथ लग गया है और सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। इस फुटेज में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कैसे बेखौफ हत्यारे वारदात को अंजाम देने के बाद बेखौफ अंदाज में पिस्तौल लहराते हुए बाइक पर सवार होकर फरार हो रहे हैं।
फुटेज में आरोपियों के चेहरे और उनके भागने का रास्ता साफ नजर आ रहा है, जिसके आधार पर दिल्ली पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीमें लगातार सुराग तलाशने में जुटी हैं। वीडियो देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि अपराधियों के मन में पुलिस और कानून का कितना खौफ कम हो चुका है।
15 से ज्यादा गोलियां दागकर शरीर को किया छलनी
सूत्रों और चश्मदीदों के हवाले से जो जानकारी सामने आ रही है, वह बेहद भयानक है। हमलावरों ने प्रमोद कुमार पर किसी एक या दो नहीं, बल्कि 15 से अधिक गोलियां दागीं। इतनी भारी मात्रा में गोलियां मारे जाने से साफ जाहिर होता है कि हत्यारे केवल डराने नहीं, बल्कि उन्हें मौत के घाट उतारने के ही इरादे से आए थे। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका गूंज उठा था और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर छिपने को मजबूर हो गए थे।
क्या है इस खूनी रंजिश की असली वजह?
- आपसी रंजिश: पुलिस शुरुआती जांच में इसे पुरानी व्यावसायिक या व्यक्तिगत दुश्मनी मानकर चल रही है।
- प्रॉपर्टी विवाद: प्रॉपर्टी डीलिंग के कारोबार में पैसों के लेन-देन या किसी बड़ी डील को लेकर उपजा विवाद भी इसके पीछे की वजह हो सकता है।
- सुपारी किलिंग एंगल: जिस तरह से प्रोफेशनल अंदाज में अंधाधुंध फायरिंग की गई है, उससे यह अंदेशा भी जताया जा रहा है कि इस काम के लिए बाहर से शूटर्स को बुलाया गया था।
पुलिस की कार्रवाई और जांच का दायरा
वारदात की सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम (FSL) को भी घटनास्थल पर बुलाया गया, जिसने वहां से कारतूस के खोखे, खून के नमूने और अन्य अहम सबूत इकट्ठा किए हैं। पुलिस आसपास लगे दर्जनों अन्य सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि हत्यारे किस रास्ते से आए थे और वारदात को अंजाम देने के बाद किस तरफ भागे।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आरोपियों की पहचान के लिए कई टीमों का गठन कर दिया गया है। तकनीकी सर्विलांस (Technical Surveillance) और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स (CDR) की मदद ली जा रही है ताकि जल्द से जल्द इस खौफनाक वारदात के मास्टरमाइंड और शूटर्स को सलाखों के पीछे पहुंचाया जा सके।
बढ़ता अपराध और स्थानीय लोगों में आक्रोश
इस घटना के बाद से नरेला के स्थानीय कारोबारियों और आम नागरिकों में भारी गुस्सा देखा जा रहा है। लोगों का कहना है कि अपराधियों में पुलिस का डर खत्म हो चुका है और अब दिनदहाड़े इस तरह की वारदातों को अंजाम दिया जा रहा है। व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी हो और इलाके में पुलिस गश्त बढ़ाई जाए ताकि इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाई जा सके।
फिलहाल पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज चुकी है और परिवार तथा करीबियों से पूछताछ कर रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में कुछ बड़े खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है।