मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक पहाड़ी क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही और मौसम में बदलाव की चेतावनी दी है।
उत्तराखंड में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने लगा है। पहाड़ी क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही बढ़ने के साथ ही अगले तीन दिनों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम करवट ले सकता है। इसे लेकर मौसम विभाग ने सतर्कता बरतने की सलाह दी है और पर्वतीय इलाकों के लिए पूर्वानुमान जारी किया है।
नौ जिलों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना
मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार, बुधवार को प्रदेश के उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, चमोली, नैनीताल, अल्मोड़ा, पौड़ी, चंपावत और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं बहुत हल्की से हल्की वर्षा होने की संभावना है। इसके साथ ही 3500 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी भी हो सकती है, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है। हालांकि, इन नौ जिलों के अलावा प्रदेश के शेष अन्य जिलों में मौसम के शुष्क बने रहने का अनुमान है।
गुरुवार को आकाशीय बिजली और तेज हवाओं का येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने आगामी गुरुवार के लिए विशेष चेतावनी जारी की है। इस दिन देहरादून सहित उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, चमोली, नैनीताल, चंपावत और पिथौरागढ़ के आठ जिलों में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।
इस दौरान क्षेत्र में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जिनके झोंके 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक भी पहुंच सकते हैं। इसे देखते हुए प्रशासन और स्थानीय नागरिकों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
चक्रवाती तूफान 'अर्नब' का असर
प्रदेश में मौसम की यह सक्रियता आगामी शुक्रवार को भी बनी रहने की संभावना जताई गई है। बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहे चक्रवाती तूफान 'अर्नब' के प्रभाव के कारण उत्तराखंड में कई स्थानों पर तेज बारिश होने के आसार हैं, जिससे ठंड में और इजाफा हो सकता है।