बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता अनुपम खेर की जिंदगी से जुड़े एक ऐसे राज से पर्दा उठा है जिसके बारे में शायद ही उनके बहुत कम फैंस जानते होंगे। हाल ही में अनुपम खेर के छोटे भाई और अभिनेता राजु खेर ने एक इंटरव्यू के दौरान एक बड़ा खुलासा किया है। राजु खेर ने अपने भाई की पहली शादी और उसके अचानक टूटने की पूरी दास्तां दुनिया के सामने रखी है। उन्होंने बताया कि कैसे लखनऊ के एक मंदिर में हुई यह शादी महज एक या दो दिन के भीतर ही समाप्त हो गई थी।
दो-तीन साल के रिश्ते के बाद उठाया था कदम
एक जाने-माने इंटरव्यू प्लेटफॉर्म पर बात करते हुए राजु खेर ने बताया कि अनुपम खेर और अभिनेत्री मधुमालती कपूर शादी से पहले लगभग दो से तीन साल तक रिलेशनशिप में थे। उस समय तक अनुपम खेर ने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में कदम भी नहीं रखा था। मधुमालती जी ने ही यह सुझाव दिया था कि उन्हें अब शादी के बंधन में बंध जाना चाहिए। इसके बाद दोनों ने लखनऊ के एक मंदिर में जाकर अचानक शादी करने का फैसला किया।
राजु खेर ने उस वाकये को याद करते हुए बताया, "यह सब सिर्फ एक दिन में खत्म हो गया। उन्होंने लखनऊ के मंदिर में शादी की और अगले ही दिन अनुपम ने वहां से यह कहते हुए दूरी बना ली कि वह अब वहां नहीं रह सकते। इसके बाद वह कुछ दिनों के लिए शिमला गए और फिर दिल्ली चले गए।"
परिवार को नहीं थी शादी की भनक
जब राजु खेर से यह पूछा गया कि इस अचानक हुए फैसले पर परिवार की क्या प्रतिक्रिया थी, तो उन्होंने बेहद दिलचस्प बात बताई। चूंकि इस शादी में परिवार का कोई भी सदस्य मौजूद नहीं था, इसलिए किसी को यह अंदाजा ही नहीं था कि अनुपम ने इतनी जल्दी कोई ऐसा कदम उठा लिया है।
राजु ने आगे कहा, "परिवार से कोई भी वहां नहीं था, इसलिए हमें पता ही नहीं चला कि उनकी शादी हो चुकी है। मैंने कभी यह जानने की कोशिश भी नहीं की कि आखिर दोनों के बीच ऐसा क्या हुआ था जो रिश्ता इतनी जल्दी टूट गया। उस दौर में अनुपम काफी सीधे स्वभाव के थे, जबकि मधु जी एक मजबूत व्यक्तित्व वाली महिला थीं। उनके बीच क्या हुआ यह सिर्फ वही दोनों जानते हैं। मैंने इसमें दखल देना सही नहीं समझा क्योंकि वह उनकी जिंदगी थी।"
इसके बाद बदल गई दोनों की जिंदगी
अनबन और अलगाव के बाद दोनों की जिंदगी ने एक नया मोड़ लिया। मधुमालती कपूर ने आगे चलकर मशहूर लेखक और निर्देशक रंजीत कपूर से शादी कर ली और उनके बच्चे भी हुए। इसके साथ ही उन्होंने अभिनय की दुनिया में भी अपना सफर जारी रखा और कई फिल्मों तथा टीवी प्रोजेक्ट्स में अपनी अदाकारी का जौहर दिखाया।
दूसरी तरफ, अनुपम खेर ने अपने अभिनय करियर पर ध्यान केंद्रित किया और साल 1984 में महेश भट्ट की फिल्म 'सारांश' से धमाकेदार बॉलीवुड डेब्यू किया। इसके कुछ सालों बाद, साल 1985 में उन्होंने अभिनेत्री किरण खेर से शादी कर ली।
किरण खेर के साथ मजबूत रिश्ता
अनुपम खेर और किरण खेर की प्रेम कहानी चंडीगढ़ के 'डिपार्टमेंट ऑफ इंडियन थिएटर' के दिनों से शुरू हुई थी। दोनों कई सालों तक अच्छे दोस्त रहे और बाद में यह दोस्ती प्यार में बदल गई। 26 अगस्त 1985 को दोनों ने हमेशा के लिए एक-दूसरे का हाथ थाम लिया।
किरण खेर के साथ अपने समीकरण पर बात करते हुए राजु खेर ने हमेशा की तरह अपनी आत्मीयता दिखाई। उन्होंने कहा, "किरण भाभी के साथ मेरा रिश्ता बेहद प्यारा है। हमें बचपन से सिखाया गया है कि भाभी मां के समान होती हैं, इसलिए मैं उन्हें हमेशा मां की तरह ही सम्मान देता हूं। वह ज्यादातर चंडीगढ़ में रहती हैं और जब भी मुंबई आती हैं, हमारी मुलाकात होती है।"
निष्कर्ष
सिनेमा जगत के इन दिग्गजों के जीवन के ये अनसुने पहलू यह साबित करते हैं कि हर इंसान की सफलता के पीछे कड़ा संघर्ष और जीवन के उतार-चढ़ाव छिपे होते हैं। आज अनुपम खेर हिंदी सिनेमा के सबसे सम्मानित और सफल अभिनेताओं में गिने जाते हैं, और उनके जीवन का यह शुरुआती अध्याय इस बात की गवाही देता है कि समय के साथ हर घाव भर जाता है और जिंदगी आगे बढ़ जाती है।