मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में इन दिनों एक अलग ही उत्साह और ऊर्जा का माहौल देखने को मिल रहा है। अवसर था 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत वडनगर से वाराणसी की लंबी और प्रेरणादायक यात्रा पर निकले सेवा यात्रियों के सिंगरौली के निगरी पहुंचने का। इस महत्वपूर्ण अवसर पर प्रदेश की लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री संपतिया उईके ने खुद आगे आकर इन सेवा यात्रियों का आत्मीय स्वागत और अभिनंदन किया। यात्रा के दौरान यात्रियों का यह उत्साहवर्धन न केवल उनके लिए ऊर्जा का स्रोत बना, बल्कि स्थानीय स्तर पर भी एक बड़ा संदेश देने का काम कर रहा है।
प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्षों की राष्ट्रसेवा का संकल्प
इस भव्य स्वागत समारोह के दौरान मंत्री संपतिया उईके ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के गौरवशाली 25 वर्षों का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी का पिछले ढाई दशकों का राजनीतिक और सामाजिक सफर देश के प्रति अटूट सेवा, सुशासन, जनभागीदारी और राष्ट्रहित के समर्पण की एक अनूठी मिसाल है।
मंत्री उईके ने जोर देकर कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने इस लंबे कार्यकाल में हमेशा समाज के सबसे पिछले पायदान पर खड़े व्यक्ति तक शासन और प्रशासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने का भरसक प्रयास किया है। इसके साथ ही, उन्होंने देश में स्वच्छता को एक आम आदमी का आंदोलन बना दिया है, जिससे आज पूरा देश जुड़ चुका है। आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण की दिशा में उनका यह संकल्प हर भारतवासी के लिए प्रेरणा का एक बड़ा स्रोत है।
सेवा, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश
वडनगर से वाराणसी तक की यह 'सेवा संकल्प यात्रा' केवल एक यात्रा मात्र नहीं है, बल्कि यह देश के कोने-कोने तक सेवा भावना और सामाजिक दायित्वों का संदेश प्रसारित करने का एक सशक्त माध्यम है। मंत्री संपतिया उईके ने सेवा यात्रियों से संवाद करते हुए उनसे आग्रह किया कि वे अपनी इस यात्रा के दौरान रास्ते में पड़ने वाले हर क्षेत्र में सेवा, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जनकल्याण का संदेश घर-घर तक पहुंचाएं।
उन्होंने नागरिकों को उनके सामाजिक दायित्वों के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया। उनका मानना था कि जब तक समाज का हर नागरिक अपनी छोटी-छोटी जिम्मेदारियों को नहीं समझेगा, तब तक एक सशक्त और स्वच्छ राष्ट्र की कल्पना को पूरी तरह से जमीन पर नहीं उतारा जा सकता है।
स्वच्छताकर्मियों के अमूल्य योगदान की सराहना
इस पूरे कार्यक्रम के दौरान मंत्री संपतिया उईके ने समाज के उन गुमनाम नायकों यानी स्वच्छताकर्मियों के योगदान को भी विशेष रूप से सराहा, जो बिना किसी प्रचार के हमारे आसपास के परिवेश को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखते हैं। उन्होंने कहा कि एक स्वस्थ और स्वच्छ समाज के निर्माण में इन स्वच्छताकर्मियों की भूमिका रीढ़ की हड्डी के समान है।
इसके साथ ही, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि स्वच्छता और सेवा जैसे पवित्र कार्यों को केवल सरकारी अमले या कुछ चुनिंदा लोगों तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि इसमें आम जनता की भागीदारी (जनभागीदारी) को बड़े पैमाने पर बढ़ाया जाना चाहिए।
दिग्गज नेताओं और स्थानीय नागरिकों की रही मौजूदगी
सिंगरौली जिले के निगरी में आयोजित इस स्वागत समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की भी सक्रिय उपस्थिति रही। इस अवसर पर सीधी-सिंगरौली क्षेत्र के सांसद डॉ. राजेश मिश्रा और स्थानीय विधायक कुंवर सिंह टेकाम ने भी विशेष रूप से उपस्थित रहकर सेवा यात्रियों का गर्मजोशी से स्वागत किया।
इनके अलावा क्षेत्र के तमाम गणमान्य नागरिक और भारी संख्या में आम जनता भी इस पल की साक्षी बनी। सभी ने एक स्वर में सेवा यात्रियों का अभिवादन किया और भविष्य में सेवा, स्वच्छता तथा जनभागीदारी की इस महान भावना को और अधिक गति देने का सामूहिक संकल्प लिया।
क्यों खास है यह सेवा संकल्प अभियान?
- सामाजिक सहभागिता: यह यात्रा लोगों को समाज सेवा से जुड़ने के लिए प्रेरित करती है।
- स्वच्छता का संदेश: प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान को जमीनी स्तर पर मजबूती देना।
- राष्ट्र निर्माण: आत्मनिर्भर और विकसित भारत के उद्देश्यों के प्रति जन-जागरूकता फैलाना।
- अंतिम छोर तक पहुंच: कल्याणकारी योजनाओं के बारे में समाज के हर वर्ग को जागरूक करना।
सिंगरौली में हुआ यह आयोजन इस बात का प्रमाण है कि जब देश और समाज के हित में कोई सकारात्मक कदम उठाया जाता है, तो पूरा समाज एकजुट होकर उसका स्वागत करने के लिए आगे आता है। वडनगर से वाराणसी की यह यात्रा आने वाले दिनों में कई और पड़ावों से गुजरेगी और हर जगह लोगों को राष्ट्रसेवा के इस पवित्र संकल्प से जोड़ने का काम करेगी।