उत्तर प्रदेश के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक केंद्र वाराणसी में लगातार बुनियादी ढांचों को मजबूत करने की दिशा में नए कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में रोहनिया विधानसभा क्षेत्र के नागरिकों को एक बड़ी सौगात मिली है। स्थानीय विकास को गति देते हुए, क्षेत्र के विधायक डॉ. सुनील पटेल ने बुधवार को मड़ाव स्थित अशरफी नगर फेज-2 में लगभग 27.64 लाख रुपये की लागत से बनने वाले इंटरलॉकिंग मार्ग और सीके ड्रेन (नाला) निर्माण कार्य का आधिकारिक रूप से शिलान्यास किया। इस परियोजना के जमीन पर उतरने से स्थानीय निवासियों को लंबे समय से चली आ रही आवागमन और जलभराव की समस्याओं से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
अवस्थापना निधि के तहत हो रहा है निर्माण
यह पूरा विकास कार्य अवस्थापना निधि वर्ष 2025-26 के अंतर्गत स्वीकृत किया गया है। स्थानीय नागरिकों की लंबे समय से यह मांग थी कि कॉलोनी की सड़कों को दुरुस्त किया जाए और बारिश के दिनों में होने वाले जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाए। इसी मांग को ध्यान में रखते हुए विधायक ने इस परियोजना को प्राथमिकता सूची में शामिल किया और अब इसके शिलान्यास के साथ ही काम शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
इस प्रोजेक्ट के तहत बनने वाली सड़क और नाले की तकनीकी रूपरेखा बेहद स्पष्ट है। कार्यदायी संस्था के रूप में उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद इस पूरे प्रोजेक्ट को पूरा करेगी। अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, इस इंटरलॉकिंग मार्ग की कुल लंबाई 21.80 मीटर तय की गई है। यह निर्माण कार्य विशेष रूप से प्रेमशीला चतुर्वेदी के मकान से शुरू होकर सत्यदेव तिवारी के मकान तक कराया जाएगा, जो कि इस पूरे क्षेत्र का एक व्यस्त हिस्सा है।
जलनिकासी की समस्या से मिलेगी मुक्ति
किसी भी आवासीय कॉलोनी के लिए सबसे जरूरी तत्वों में पक्की सड़कें और मजबूत ड्रेनेज सिस्टम आते हैं। अशरफी नगर फेज-2 में अब तक सीवर और जलनिकासी की उचित व्यवस्था न होने के कारण स्थानीय लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। मानसून के दौरान हल्की बारिश में भी गलियों में पानी भर जाता था, जिससे पैदल चलना तक दूभर हो जाता था।
अब सीके ड्रेन (नाला) के निर्माण से इस पुरानी समस्या का शत-प्रतिशत समाधान होने की पूरी उम्मीद है। आधुनिक तकनीकी मानकों के आधार पर बनने वाला यह नाला गंदे पानी की सुचारू निकासी सुनिश्चित करेगा, जिससे न केवल बीमारियो का खतरा कम होगा बल्कि कॉलोनी का वातावरण भी स्वच्छ और सुंदर बनेगा।
शिलान्यास समारोह में उमड़े स्थानीय लोग
विकास कार्यों के इस शुभारंभ अवसर पर अशरफी नगर फेज-2 के निवासियों में खासा उत्साह देखने को मिला। स्थानीय लोगों ने कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर विधायक डॉ. सुनील पटेल का गर्मजोशी से स्वागत किया और क्षेत्र में लगातार हो रहे विकास कार्यों के लिए आभार व्यक्त किया। कॉलोनी के निवासियों का कहना था कि पिछले कुछ समय से क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं का तेजी से विस्तार हुआ है, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर हो रहा है.
समारोह को संबोधित करते हुए विधायक डॉ. सुनील पटेल ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उनके राजनीतिक जीवन का मूल उद्देश्य जनता की सेवा और उनके जीवन को सुगम बनाना है। उन्होंने कहा, "क्षेत्र का चहुंमुखी विकास हमारी पहली प्राथमिकता है। विधानसभा के कोने-कोने में सड़क, बिजली, पानी और जलनिकासी जैसी बुनियादी सुविधाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जा रहा है। जनता से किए गए हर वादे को अमलीजामा पहनाया जा रहा है।" उन्होंने आगे कहा कि इंटरलॉकिंग सड़क बन जाने से न केवल यहां के निवासियों का सफर आसान होगा, बल्कि आपातकालीन स्थिति में एम्बुलेंस या अन्य वाहनों के आने-जाने में भी कोई बाधा नहीं आएगी।
गरिमामयी उपस्थिति
इस महत्वपूर्ण शिलान्यास कार्यक्रम में राजनीतिक दलों के कई दिग्गज पदाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे, जिससे इस परियोजना की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से:
- प्रदेश महासचिव डॉ. उमेश पटेल
- जिलाध्यक्ष युवा मंच मानस सिंह
- वरिष्ठ युवा नेता अभिमन्यु सिंह
- जिला उपाध्यक्ष अखिलेश देवराज पटेल
- विधानसभा अध्यक्ष बसंत लाल पटेल
- कार्यालय प्रभारी राजकुमार कश्यप
- ग्राम प्रधान प्रकाश कुमार गौंड
- प्रदीप पटेल, भीम पटेल, विनोद पटेल और गोविंद पटेल
- अवर अभियंता अनुज मौर्य
- सहायक अभियंता राहुल चतुर्वेदी
- ठेकेदार संजय कुमार सिंह
इन सभी गणमान्य लोगों की मौजूदगी इस बात का प्रतीक है कि इस कार्य को तय समय सीमा के भीतर और पूरी गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाएगा।
गुणवत्ता और समयसीमा पर रहेगा विशेष जोर
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही न बरती जाए। सड़क निर्माण में लगने वाली सामग्री उच्च गुणवत्ता की होनी चाहिए ताकि वह लंबे समय तक टिक सके। इसके साथ ही, स्थानीय नागरिकों की समिति भी इस निर्माण कार्य की निगरानी करेगी ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
वाराणसी के रोहनिया क्षेत्र में हो रहे इन विकास कार्यों से साफ जाहिर है कि सरकार शहरी और अर्ध-शहरी इलाकों में बुनियादी ढांचे को लेकर कितनी गंभीर है। अशरफी नगर फेज-2 के बाशिंदों के लिए यह राहत भरा कदम है, और अब उन्हें एक धूलमुक्त, कीचड़मुक्त और जलभराव-मुक्त जीवनशैली की ओर बढ़ने का अवसर मिलने जा रहा है। निर्माण कार्य शुरू होने के बाद से ही क्षेत्र में सकारात्मक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है और लोग जल्द ही इस नई सड़क पर चलने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।