वाराणसी के लंका थाना क्षेत्र में चेकिंग के दौरान सिपाही को गोली मारने वाले सभी अभियुक्तों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आयुक्त ने टीम को 1 लाख रुपये का इनाम दिया।
वाराणसी कमिश्नरेट के काशी जोन अंतर्गत लंका थाना क्षेत्र में चेकिंग के दौरान एक सिपाही को गोली मारने की घटना में शामिल सभी मुख्य अभियुक्तों को स्थानीय पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस सफल कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश गया है।
घटना की जानकारी देते हुए पुलिस अधिकारियों ने बताया कि लंका थाने की पुलिस टीम नियमित चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान हुई मुठभेड़ या औचक कार्रवाई में बदमाशों ने सिपाही पर गोली चला दी थी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। पुलिस ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लेते हुए तुरंत विशेष टीमों का गठन किया और सुरागकशी शुरू की।
पुलिस की लगातार दबिश और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर घटना में शामिल सभी अभियुक्तों की पहचान कर उन्हें दबोच लिया गया। उनके पास से घटना से जुड़े साक्ष्य और अन्य सामग्रियां भी बरामद किए जाने की संभावना है, जिसकी विस्तृत जानकारी पुलिस जल्द ही अदालत में पेश करेगी।
पुलिस आयुक्त ने की सराहना, दिया एक लाख का इनाम
इस पूरी त्वरित और साहसिक कार्रवाई की सराहना करते हुए वाराणसी के पुलिस आयुक्त (Commissioner of Police) मोहित अग्रवाल ने लंका पुलिस की पूरी टीम की पीठ थपथपाई है। पुलिस कमिश्नर ने उत्कृष्ट और पेशेवर कार्यप्रणाली का परिचय देने वाली इस टीम को 1 लाख रुपये के नकद इनाम से पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
लंका थाने में हुआ आधिकारिक खुलासा
मामले की आधिकारिक पुष्टि और अभियुक्तों की गिरफ्तारी का ब्योरा देने के लिए लंका थाने में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। एडीसीपी वैभव बांगर ने मीडिया के समक्ष पूरे घटनाक्रम और गिरफ्तारी की प्रक्रिया का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाकर सभी आरोपियों को कानून के शिकंजे में लिया।
घायल सिपाही की वर्तमान स्थिति संतोषजनक बताई जा रही है और उसका इलाज संबंधित चिकित्सालय में जारी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट और अन्य कठोर धाराओं के तहत विधिक कार्रवाई की जा रही है ताकि भविष्य में इस तरह के दुस्साहस की पुनरावृत्ति न हो सके।