बिहार की राजनीति के दिग्गज और केंद्र सरकार में मंत्री जीतन राम मांझी की सेहत को लेकर एक बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आ रही है। केंद्रीय मंत्री और हिन्दुस्तान आवाम मोर्चा (सेकुलर) के संरक्षक जीतन राम मांझी की तबीयत एक बार फिर अचानक बिगड़ गई है, जिसके बाद उन्हें देश के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान यानी दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIMS) में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की विशेष देखरेख में उनका इलाज आईसीयू (ICU) में चल रहा है।
डेंगू की पुष्टि के बाद एम्स में इमरजेंसी भर्ती
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वरिष्ठ नेता को डेंगू होने की पुष्टि हुई है। स्वास्थ्य में लगातार आ रही गिरावट और डेंगू के लक्षणों को गंभीरता से लेते हुए उन्हें रविवार देर शाम दिल्ली एम्स के इमरजेंसी वार्ड में लाया गया था। प्रारंभिक जांच और डॉक्टरों की सलाह के बाद, रात करीब नौ बजे उन्हें तुरंत आईसीयू में शिफ्ट कर दिया गया। एम्स के वरिष्ठ डॉक्टरों की एक विशेष टीम लगातार उनकी सेहत पर पैनी नजर बनाए हुए है और हर संभव चिकित्सीय सहायता मुहैया कराई जा रही है।
पटना से शुरू हुई थी स्वास्थ्य संबंधी परेशानी
जीतन राम मांझी पिछले कुछ हफ्तों से लगातार स्वास्थ्य समस्याओं का सामना कर रहे हैं। इस पूरे घटनाक्रम की शुरुआत पिछले महीने के आखिरी दिनों में हुई थी। गत 31 अगस्त को पटना में अचानक तेज बुखार आने के बाद उनकी तबीयत काफी बिगड़ गई थी, जिसके चलते उन्हें आनन-फानन में राजधानी पटना के ही मेदांता अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था।
हालांकि, उस समय उनके करीबियों और पार्टी समर्थकों की ओर से इसे महज एक 'रूटीन चेकअप' बताया गया था ताकि अनावश्यक अफवाहों से बचा जा सके। डॉक्टरों की देखरेख में कुछ दिनों तक चले इलाज के बाद उनकी स्थिति में सुधार हुआ था, जिसके बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिल गई थी और वह अपने आवास पर लौट आए थे।
पटना से दिल्ली का सफर और बिगड़ती स्थिति
पटना के अस्पताल से डिस्चार्ज होने के बाद भी केंद्रीय मंत्री की शारीरिक कमजोरी और आंतरिक परेशानियां पूरी तरह दूर नहीं हुई थीं। दिल्ली आने के बाद जब उनकी दोबारा से गहन चिकित्सीय जांच कराई गई, तब जाकर डेंगू संक्रमण की पुष्टि हुई। रिपोर्ट सामने आने के बाद डॉक्टरों ने बिना किसी देरी के उन्हें एम्स में भर्ती करने का कड़ा निर्देश दिया, जिसके बाद उन्हें रविवार शाम करीब 5 बजे अस्पताल की इमरजेंसी में लाया गया।
समर्थकों और राजनीतिक गलियारों में चिंता की लहर
देश के एक वरिष्ठ कैबिनेट मंत्री और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री के अचानक आईसीयू में भर्ती होने की खबर फैलते ही राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है। उनके गृह राज्य बिहार समेत देशभर में मौजूद उनके समर्थकों, पार्टी कार्यकर्ताओं और राजनीतिक सहयोगियों के बीच गहरी चिंता का माहौल है। लोग उनके जल्द स्वस्थ होने के लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहे हैं और लगातार अस्पताल के संपर्क में बने हुए हैं।
फिलहाल स्थिति स्थिर, आधिकारिक बुलेटिन का इंतजार
अस्पताल के सूत्रों से मिल रही ताजा जानकारियों के मुताबिक, वर्तमान में जीतन राम मांझी की हालत स्थिर बताई जा रही है, लेकिन एहतियात के तौर पर उन्हें अभी आईसीयू की निगरानी में ही रखा गया है। हालांकि, खबर लिखे जाने तक दिल्ली एम्स प्रशासन की ओर से केंद्रीय मंत्री के स्वास्थ्य को लेकर कोई भी आधिकारिक मेडिकल बुलेटिन जारी नहीं किया गया है।
चिकित्सकों का कहना है कि डेंगू के मामलों में प्लेटलेट्स और कमजोरी पर विशेष ध्यान देना होता है, इसलिए पूरी तरह सतर्कता बरती जा रही है। अस्पताल प्रशासन द्वारा जल्द ही उनकी सेहत पर आधिकारिक स्वास्थ्य रिपोर्ट साझा किए जाने की संभावना है।