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मेरठ: SVBP यूनिवर्सिटी की छात्रा ने तीसरी मंजिल से लगाई छलांग, नकल के आरोप से थी परेशान

मेरठ: SVBP यूनिवर्सिटी की छात्रा ने तीसरी मंजिल से लगाई छलांग, नकल के आरोप से थी परेशान

उत्तर प्रदेश के मेरठ स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय (SVBP) से एक बेहद दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। विश्वविद्यालय की एक मेधावी छात्रा शिवानी ने कैंपस की तीसरी मंजिल से छलांग लगाकर अपनी जान देने की कोशिश की। इस खौफनाक कदम के बाद छात्रा की रीढ़ की हड्डी टूट गई है और सिर में बेहद गंभीर चोटें आई हैं। फिलहाल उसे नाजुक हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां वह जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रही है।

आखिर परीक्षा हॉल में क्या हुआ था?

मिली जानकारी के मुताबिक, पूरा विवाद 27 जुलाई को सेमेस्टर परीक्षा के दौरान शुरू हुआ। परीक्षा हॉल में ड्यूटी पर तैनात शिक्षक अभिषेक सिंह ने शिवानी के पास एक कागज का टुकड़ा मिलने के बाद उसे 'नकल' के मामले (UFM) में बुक कर दिया।

छात्रा लगातार रो-रोकर यही गुहार लगाती रही कि वह पर्चा उसका नहीं है और उसे बेवजह फंसाया जा रहा है। लेकिन उसकी एक न सुनी गई और उस पर नकलची होने का ठप्पा लगा दिया गया।

डीन के दफ्तर के चक्कर काटती रही छात्रा

घटना के बाद पीड़िता के परिजनों ने विश्वविद्यालय प्रशासन और संबंधित शिक्षक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि शिवानी पिछले कई दिनों से अपनी बेगुनाही साबित करने के लिए डीन के सामने अपनी बात रखने की कोशिश कर रही थी। वह रोजाना दफ्तर जाती थी, लेकिन उसकी मुलाकात डीन से नहीं होने दी गई।

"शिवानी पढ़ाई में बहुत होनहार है। पिछले ही सेमेस्टर में उसके 70 प्रतिशत से अधिक अंक आए थे। शिक्षक की व्यक्तिगत खुन्नस के कारण मेरी बच्ची को इस कदर मानसिक प्रताड़ना दी गई कि उसने यह खौफनाक कदम उठा लिया।"
— पीड़िता के परिजन

शिक्षक पर व्यक्तिगत खुन्नस का आरोप

परिजनों का सीधा आरोप है कि संबंधित शिक्षक अभिषेक सिंह छात्रा से व्यक्तिगत रंजिश रखते थे। इसी खुन्नस में उन्होंने बिना किसी पुख्ता जांच के छात्रा का करियर बर्बाद करने की नीयत से यह कार्रवाई की। अपनी बात न सुने जाने और भविष्य संवरने से पहले ही तबाह होने के डर से शिवानी गहरे डिप्रेशन में चली गई थी।

मामले की संवेदनशीलता और आगे की कार्रवाई

डॉक्टरों के अनुसार, रीढ़ की हड्डी में गंभीर फ्रैक्चर और सिर की चोट के कारण छात्रा की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। इस दर्दनाक हादसे के बाद से पूरे विश्वविद्यालय परिसर में हड़कंप मचा हुआ है और छात्रों के बीच भारी आक्रोश है। पुलिस प्रशासन मामले की निष्पक्ष जांच की बात कह रहा है।

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काव्या त्रिपाठी

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Senior Editor

काव्या त्रिपाठी बिजनेस और टेक्नोलॉजी की जटिल दुनिया को सरल और स्पष्ट रूप में प्रस्तुत करने के लिए जानी जाती हैं। वे आर्थिक बदलाव, स्टार्टअप इकोसिस्...

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