दिल्ली के बाहरी इलाके शाहबाद डेरी के प्रहलादपुर बांगर में हुए सनसनीखेज हत्याकांड ने एक बार फिर रिश्तों की पवित्रता को तार-तार कर दिया है। एक मामूली सा वेलेंटाइन डे का संदेश (Valentine Day Message) न केवल एक घर की कलह की वजह बना, बल्कि उसने एक मासूम महिला की जान भी ले ली। दिल्ली पुलिस ने इस ब्लाइंड मर्डर केस की गुत्थी को सुलझाते हुए मृतका के पति और उसकी प्रेमिका को दबोच लिया है। यह घटना सितंबर 2026 के इन दिनों में चर्चा का विषय बनी हुई है, जहाँ इंसानी रिश्तों में अंधी चाहत किस हद तक खौफनाक हो सकती है, इसका जीता-जागता उदाहरण सामने आया है।
बाथरूम के अंदर मिला था सबीला का शव
घटना की शुरुआत 29 अगस्त को हुई थी, जब शाहबाद डेरी थाना पुलिस को प्रहलादपुर गांव के एक घर से महिला के शव मिलने की सूचना मिली। पुलिस टीम जब मौके पर पहुँची, तो घर के बाथरूम में सबीला खातून का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पड़ा हुआ था। शुरुआती जाँच में ही मामला हत्या का प्रतीत हो रहा था। मृतका के शरीर पर चोट के निशान और हालात बयां कर रहे थे कि मौत सामान्य नहीं है, बल्कि इसके पीछे किसी गहरी साजिश का हाथ है।
मृतका के भाई गुलाब ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में सीधे तौर पर अपने बहनोई यानी मृतका के पति मोहम्मद लाल बाबू पर हत्या का आरोप लगाया। भाई का कहना था कि वारदात को अंजाम देने के बाद लाल बाबू अपने एक साल के मासूम बेटे को लेकर घर से फरार हो गया था। इसके बाद पुलिस ने तुरंत हत्या का मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी।
वेलेंटाइन डे के एक मैसेज ने खोल दिए सारे राज
पुलिस जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, परत दर परत एक खौफनाक प्रेम प्रसंग की कहानी बाहर आने लगी। पूछताछ और तकनीकी सर्विलांस से पता चला कि आरोपी मोहम्मद लाल बाबू उर्फ जाहिद अली के संबंध रुखसार खातून नाम की युवती से थे। लाल बाबू रुखसार से शादी करना चाहता था और अपनी पत्नी सबीला को रास्ते से हटाने की साजिश रच रहा था।
इस खौफनाक साजिश की नींव तब पड़ी जब एक दिन वेलेंटाइन डे पर लाल बाबू के मोबाइल पर एक संदेश आया। यह संदेश किसी और का नहीं बल्कि उसकी प्रेमिका रुखसार का था, जिसे सबीला ने देख लिया था। इस एक संदेश ने दोनों के बीच छिपे अवैध रिश्ते के राज को बेनकाब कर दिया। इसके बाद से ही घर में आए दिन कलह और विवाद होने लगा। सबीला इस रिश्ते का लगातार विरोध कर रही थी, जो लाल बाबू और उसकी प्रेमिका को नागवार गुजरा।
स्लैब पर सिर टकराकर और गला घोंटकर की गई हत्या
जांच में खुलासा हुआ कि जिस दिन इस वारदात को अंजाम दिया गया, उस दिन लाल बाबू और उसकी प्रेमिका रुखसार पहले से ही घर में मौजूद थे। सबीला अपने छोटे बेटे के साथ घर से बाहर गई हुई थी। जब वह वापस लौटी, तो किसी बात को लेकर लाल बाबू से उसकी फिर से तीखी बहस शुरू हो गई।
विवाद इतना बढ़ा कि गुस्से में अंधे हो चुके लाल बाबू ने सबीला का गला दबोच लिया और उसे खींचकर बाथरूम में ले गया। वहां बेरहमी से उसका सिर बाथरूम के स्लैब पर कई बार जोर-जोर से पटका गया और गला घोंटकर उसकी जीवनलीला समाप्त कर दी गई। हत्या को अंजाम देने के बाद दोनों ने मिलकर ऐसा दिखाने की कोशिश की जैसे यह कोई दुर्घटना या आत्महत्या हो, लेकिन पुलिस की पैनी नजर से वे बच नहीं सके।
तलाश के लिए बिछाया गया तकनीकी जाल
वारदात को अंजाम देने के बाद लाल बाबू ने भागने की योजना बनाई। वह मौके से अपने एक साल के बेटे को लेकर फरार हुआ और सीधे नोएडा जा पहुंचा। नोएडा में उसने अपने ममेरे भाई मोहम्मद ओसामा से संपर्क किया। ओसामा ने न सिर्फ उसे छिपने में मदद की, बल्कि पुलिस से बचाने के लिए उसे बिहार भगाने का पूरा इंतजाम किया।
पुलिस ने जब आरोपियों के मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल और सर्विलांस खंगाला, तो उनकी लोकेशन ट्रेस होने लगी। दिल्ली पुलिस की विशेष टीमों ने बिना वक्त गंवाए दबिश देना शुरू कर दिया। सबसे पहले पुलिस ने बिहार के सीतामढ़ी से आरोपी के ममेरे भाई ओसामा को गिरफ्तार किया, जिसने मुख्य आरोपी को भगाने में अहम भूमिका निभाई थी।
मुंबई और बवाना से धरे गए मुख्य आरोपी
बिहार पहुँचने के बाद लाल बाबू ने अपने बेटे को अपने माता-पिता के पास छोड़ दिया और अपने बड़े भाई के पास छिपने के लिए मुंबई भाग गया। हालांकि, दिल्ली पुलिस की टेक्निकल सर्विलांस टीम लगातार उसके पीछे लगी हुई थी। जैसे ही पुलिस को उसके मुंबई में होने की पुख्ता सूचना मिली, एक टीम ने वहां पहुंचकर उसे धर दबोचा।
इसके साथ ही, इस पूरी साजिश की मास्टरमाइंड और लाल बाबू की प्रेमिका रुखसार खातून की भूमिका की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने उसे भी दिल्ली के बवाना जेजे कॉलोनी से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और पुलिस अब इस मामले में अन्य साक्ष्य जुटाने में लगी है ताकि कोर्ट में मजबूत चार्जशीट दाखिल की जा सके।
समाज के लिए एक सबक
यह घटना एक बार फिर समाज के सामने यह सवाल खड़ा करती है कि अनियंत्रित भावनाएं और अवैध रिश्ते इंसान को किस हद तक क्रूर बना सकते हैं। एक हंसता-खेलता परिवार महज एक गलत रिश्ते के चक्कर में बिखर गया। मासूम बच्चा अपनी माँ की ममता से हमेशा के लिए दूर हो गया और पिता सलाखों के पीछे पहुँच गया। पुलिस इस मामले में कानूनी प्रक्रिया तेजी से पूरी कर रही है ताकि दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिल सके।