हाथी को नहलाने ले जाते समय हुआ था हादसा, गंभीर संक्रमण के कारण काटना पड़ा था पैर
वाराणसी के प्रसिद्ध रामनगर क्षेत्र में आयोजित रामलीला के दौरान हाथी के हमले में गंभीर रूप से घायल हुए महावत घपलू नट उर्फ छपलू की आजमगढ़ के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। इस हृदयविदारक घटना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है और चार साल के मासूम बेटे के सिर से पिता का साया उठ गया है।
घटना 18 अक्टूबर की है, जब महावत घपलू नट हाथी को नहलाने के लिए लेकर जा रहा था। इसी दौरान अचानक हाथी बेकाबू हो गया और उसने अपने ही महावत पर हमला कर दिया। हाथी ने सूंड में जकड़कर घपलू को जमीन पर पटक दिया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। हादसे के तुरंत बाद उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
संक्रमण फैलने से डॉक्टरों को काटना पड़ा था पैर
अस्पताल में इलाज के दौरान महावत के शरीर में गंभीर संक्रमण फैल गया था, जिसकी वजह से डॉक्टरों की टीम को उनकी जान बचाने के लिए उनका बायां पैर तक काटना पड़ा था। हालांकि, तमाम मेडिकल कोशिशों और लंबे उपचार के बावजूद उनकी जान नहीं बचाई जा सकी और आजमगढ़ के निजी अस्पताल में उन्होंने दम तोड़ दिया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मृतक घपलू नट चार भाइयों में तीसरे नंबर पर थे। उनके परिवार में चार साल का एक बेटा है, जिसकी परवरिश अब एक बड़ी चुनौती बन गई है। अचानक हुए इस हादसे से उनकी पत्नी सरीकुन और मां कलावती का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार की आर्थिक स्थिति पहले से ही बेहद कमजोर बताई जा रही है, जिससे इस संकट ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। इस अप्रत्याशित घटना के बाद से पूरे गांव में शोक का माहौल है।