झारखंड के कोयलांचल और उसके आस-पास के इलाकों में अपराध और नक्सलवाद की कमर तोड़ने के लिए प्रशासनिक अमला पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। इसी कड़ी में धनबाद जिले में एक हाई-लेवल समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कुल सात जिलों के शीर्ष पुलिस अधिकारी एक मंच पर नजर आए। इस महत्वपूर्ण बैठक की मुख्य अध्यक्षता उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र बोकारो के पुलिस महानिरीक्षक (IG) शैलेन्द्र कुमार सिन्हा ने की। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी त्योहारों के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करना और संगठित अपराधों पर लगाम कसना था।
वर्तमान परिदृश्य में सुरक्षा एजेंसियों के सामने साइबर अपराध और संगठित गिरोह एक बड़ी चुनौती बनते जा रहे हैं। इसे ध्यान में रखते हुए धनबाद में हुई इस जोनल स्तरीय बैठक में कई कड़े फैसले लिए गए हैं। पुलिस अधिकारियों ने न केवल वर्तमान में चल रहे अभियानों की समीक्षा की, बल्कि भविष्य की कार्ययोजना पर भी विस्तार से मंथन किया। बैठक में हिस्सा लेने वाले प्रमुख अधिकारियों में हजारीबाग डीआईजी अंजनी कुमार झा, धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार, रामगढ़ एसपी मुकेश कुमार लुनायत, बोकारो एसपी नाथू सिंह मीणा, कोडरमा एसपी कुमार शिवाशीष, गिरिडीह एसपी डॉ. विमल कुमार, चतरा एसपी अनिमेष नथानी के अलावा कई अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारी शामिल रहे।
माओवादी गतिविधियों और संगठित गिरोहों पर विशेष नजर
समीक्षा बैठक के दौरान सबसे ज्यादा जोर माओवादी गतिविधियों और संगठित आपराधिक गिरोहों की कमर तोड़ने पर दिया गया। आईजी शैलेन्द्र कुमार सिन्हा ने सातों जिलों के पुलिस कप्तानों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे अपने-अपने इलाकों में सक्रिय नक्सलियों और उनकी गतिविधियों पर लगातार पैनी नजर रखें। इसके साथ ही, संगठित अपराध के जरिए समाज में दहशत फैलाने वाले गिरोहों के सरगनाओं को चिन्हित कर उनके खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई करने को कहा गया। पुलिस महानिरीक्षक ने यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि फरार चल रहे अपराधियों और वारंटियों की गिरफ्तारी में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
लंबित मामलों और साइबर क्राइम पर कड़ा रुख
कानून व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के लिए थानों में लंबित पड़े मामलों के त्वरित निस्तारण पर भी विशेष चर्चा हुई। इस दौरान साइबर अपराध, महिला सुरक्षा से जुड़े मामले, पॉक्सो एक्ट, एससी-एसटी एक्ट और एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज मुकदमों की प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा की गई। आईजी ने सभी जिलों के पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे गंभीर प्रकृति के मामलों में अनुसंधान की गुणवत्ता से कोई समझौता न करें और तय समय सीमा के भीतर आरोप-पत्र दाखिल कर अपराधियों को सजा दिलाना सुनिश्चित करें। इसके अलावा, थानों के नियमित निरीक्षण और थाना स्तर पर पेंडिंग मामलों की मॉनिटरिंग बढ़ाने के भी निर्देश दिए गए।
दुर्गापूजा और त्योहारों को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम
चूंकि राज्यभर में दुर्गापूजा और अन्य आगामी त्योहारों का उल्लास शुरू होने वाला है, इसलिए आम जनता की सुरक्षा और यातायात प्रबंधन प्रशासन के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता बन गया है। बैठक में पुलिस अधिकारियों ने दुर्गापूजा के दौरान उमड़ने वाली भारी भीड़ को नियंत्रित करने और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती को लेकर विस्तृत चर्चा की। आईजी सिन्हा ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पूजा पंडालों के आसपास सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम होने चाहिए ताकि किसी भी असामाजिक तत्व को शांति भंग करने का मौका न मिले। साथ ही, यातायात व्यवस्था इस तरह से संचालित की जाए कि शहर में कहीं भी लंबा जाम न लगे और आम नागरिकों व श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
पुलिसकर्मियों के कल्याण और प्रशासनिक मामलों पर भी चर्चा
सिर्फ अपराधियों पर शिकंजा कसने तक ही यह बैठक सीमित नहीं रही, बल्कि इसमें पुलिस विभाग के भीतर के प्रशासनिक और मानवीय पहलुओं पर भी गंभीर मंथन किया गया। सेवानिवृत्त पुलिस पदाधिकारियों और जवानों से जुड़े पेंशन मामलों, अनुकंपा के आधार पर मिलने वाली नौकरियों के लंबित प्रकरणों तथा विभागीय कार्रवाई से जुड़ी फाइलों को समयबद्ध तरीके से निपटाने के निर्देश दिए गए। विभाग का मानना है कि जब तक पुलिस बल का मनोबल ऊंचा नहीं रहेगा और उनके पारिवारिक-आर्थिक मामले समय पर हल नहीं होंगे, तब तक मैदानी स्तर पर वे पूरी ऊर्जा के साथ काम नहीं कर पाएंगे।
कुल मिलाकर, धनबाद में हुई इस सात जिलों की साझा पुलिस बैठक ने अपराधियों को एक कड़ा संदेश दे दिया है। झारखंड पुलिस आने वाले त्योहारों के सीजन में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराध मुक्त समाज के निर्माण के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध नजर आ रही है। आने वाले दिनों में इन फैसलों का जमीनी असर पुलिसिया कार्रवाई और अभियानों में साफ तौर पर देखने को मिल सकता है।