देश के दिल यानी मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सुरक्षा और मानवीय रिश्तों की कलई खोलकर रख दी है। भोपाल के एक प्रतिष्ठित अस्पताल में पोस्ट ग्रेजुएट (पीजी) की पढ़ाई कर रहे डॉक्टर नवीन रोहिला द्वारा अपनी ही एक्स गर्लफ्रेंड पर गोली चलाने की घटना ने सनसनी फैला दी है। इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे एक से बढ़कर एक चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने से कुछ घंटे पहले आरोपी डॉक्टर ने सिनेमा हॉल में बैठकर प्रसिद्ध फिल्म सीरीज का अगला हिस्सा यानी 'दृश्यम-3' देखा था। इस खुलासे के बाद से जांच एजेंसियां भी हैरान हैं कि क्या शातिर अपराधियों की तरह इस डॉक्टर ने भी किसी फिल्म से प्रेरित होकर इस खौफनाक साजिश को रचा था?
फिल्म के सस्पेंस और रियल लाइफ क्राइम का खौफनाक कनेक्शन
क्राइम थ्रिलर फिल्में अक्सर इंसानी दिमाग पर गहरा असर छोड़ती हैं, लेकिन जब कोई पढ़ा-लिखा और समाज में इज्जत कमाने वाला शख्स फिक्शन और हकीकत के फर्क को मिटा देता है, तो परिणाम बेहद भयानक होते हैं। पुलिस की शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई है कि घटना वाले दिन नवीन रोहिला अपने कुछ दोस्तों के साथ शहर के एक मल्टीप्लेक्स में फिल्म देखने गया था। फिल्म खत्म होने के बाद वह सीधे उस जगह पहुंचा जहां उसकी एक्स गर्लफ्रेंड मौजूद थी।
फिल्म के दृश्यों और आरोपी के दिमाग में चल रहे द्वंद्व के बीच क्या संबंध था, इसकी गहराई से पड़ताल की जा रही है। मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि जो लोग मानसिक रूप से अस्थिर होते हैं या किसी पुरानी रंजिश या बदले की भावना में अंधे हो चुके होते हैं, वे कई बार इस तरह की मीडिया सामग्री का इस्तेमाल अपने प्लान को और अधिक परिपक्व करने के लिए करते हैं। हालांकि, पुलिस इस एंगल पर भी बारीकी से काम कर रही है कि क्या यह हमला पूरी तरह से सुनियोजित था या फिर आवेश में आकर उठाया गया कोई ऐसा कदम था जिसके परिणाम का अंदाजा खुद आरोपी को भी नहीं था।
आखिर क्या है पूरा मामला?
यह घटना केवल एकतरफा प्यार या ब्रेकअप का मामला नहीं है, बल्कि इसके तार आपसी रिश्तों के बेहद जटिल ताने-बाने से जुड़े हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नवीन रोहिला और पीड़ित युवती के बीच पिछले कुछ समय से अनबन चल रही थी। दोनों के बीच रिश्ते टूटने के बाद भी तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा था। घटना के दिन आरोपी ने सुनियोजित तरीके से युवती से मिलने का प्रयास किया और जब बात नहीं बनी, तो उसने अपने पास मौजूद अवैध हथियार से उस पर फायरिंग कर दी।
गनीमत यह रही कि इस जानलेवा हमले में युवती बाल-बाल बच गई, वरना एक और निर्दोष जिंदगी इस सनक की भेंट चढ़ सकती थी। गोली की आवाज सुनते ही आसपास अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों और सुरक्षा गार्ड्स की मदद से तुरंत पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने आरोपी डॉक्टर को दबोच लिया।
पुलिस की पूछताछ में टूट रहा है आरोपी
हिरासत में लिए जाने के बाद से ही डॉक्टर नवीन रोहिला से लगातार पूछताछ की जा रही है। शुरुआती दौर में आरोपी पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर रहा था और लगातार अपने बयान बदल रहा था। लेकिन जब पुलिस ने उसके दोस्तों से पूछताछ की और सिनेमा हॉल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तो उसकी पूरी पोल खुल गई। फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि वारदात से महज कुछ घंटे पहले आरोपी पूरी तरह सामान्य नजर आ रहा था और अपने दोस्तों के साथ फिल्म का आनंद ले रहा था।
- सिनेमा हॉल कनेक्शन: पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या फिल्म के दौरान उसने किसी से फोन पर बातचीत की थी।
- हथियार की बरामदगी: पुलिस ने आरोपी के पास से इस्तेमाल की गई गन और अन्य सबूत भी जब्त कर लिए हैं।
- मेडिकल बैकग्राउंड का दुरुपयोग: एक डॉक्टर होने के नाते उसे ह्यूमन एनाटॉमी की गहरी समझ है, जिससे यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या उसने निशाना बहुत सोच-समझकर साधा था।
समाज और मेडिकल बिरादरी में मची खलबली
इस घटना के सामने आने के बाद से भोपाल के मेडिकल जगत में सन्नाटा पसरा हुआ है। जिस अस्पताल में नवीन अपनी ट्रेनिंग ले रहा था, वहां के साथी डॉक्टर और स्टाफ भी इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि शांत दिखने वाला इंसान इतना आक्रामक हो सकता है। जानकारों का कहना है कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और अत्यधिक तनाव (Work-and-Life Stress) के कारण युवाओं में मानसिक समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। सही समय पर काउंसलिंग न मिलने के कारण छोटे-छोटे विवाद खूनी संघर्ष में बदल जाते हैं।
पीड़ित युवती का इलाज फिलहाल एक सुरक्षित और निजी अस्पताल में चल रहा है, जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवती का बयान दर्ज कर लिया गया है और उसके आधार पर आईपीसी की गंभीर धाराओं के तहत कानूनी शिकंजा कसा जा रहा है।
आगे क्या होगी कार्रवाई?
इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस जल्द ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी कर रही है। चूंकि मामला एक डॉक्टर और एक हाई-एजुकेटेड वर्ग से जुड़ा है, इसलिए पुलिस हर एक टेक्निकल और डिजिटल सबूत को पुख्ता कर रही है ताकि अदालत में आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके। 'दृश्यम-3' जैसी फिल्मों के नाम पर इस तरह के सनसनीखेज मामलों का सामने आना यह सोचने पर मजबूर करता है कि क्या हमारा समाज मनोरंजन और अपराध के बीच की बारीक रेखा को भूलता जा रहा है? पुलिस इस मामले के हर एक पहलू को खंगाल रही है ताकि आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे सामने आ सकें।