देशभर के मेडिकल aspirants के लिए एक बेहद अहम अपडेट सामने आया है। राजस्थान में नीट यूजी 2026 की राज्य स्तरीय थर्ड राउंड काउंसलिंग का आधिकारिक शेड्यूल जारी कर दिया गया है। जो छात्र-छात्राएं एमबीबीएस और बीडीएस कोर्सेस में दाखिले का सपना देख रहे हैं, उनकी निगाहें अब इस महत्वपूर्ण चरण पर टिकी हैं। तृतीय राउंड की ऑनलाइन काउंसलिंग प्रक्रिया का आगाज आगामी 23 सितंबर से होने जा रहा है। इस राउंड में रजिस्ट्रेशन, सिक्योरिटी डिपॉजिट और चॉइस फिलिंग जैसे चरण बेहद सावधानी से पूरे करने होंगे, क्योंकि जरा सी चूक से आपका मेडिकल कॉलेज का सपना प्रभावित हो सकता है।
कॅरियर एक्सपर्ट्स ने दी अहम जानकारियां
कॅरियर काउंसलिंग एक्सपर्ट पारिजात मिश्रा ने इस पूरी प्रक्रिया पर प्रकाश डालते हुए बताया है कि थर्ड राउंड में पहली बार शिरकत करने वाले नए अभ्यर्थियों को अपने रजिस्ट्रेशन फॉर्म के पार्ट-1 और पार्ट-2 दोनों भरने अनिवार्य होंगे। श्रेणी के आधार पर रजिस्ट्रेशन फीस का निर्धारण किया गया है, जिसके तहत सामान्य, ईडब्ल्यूएस और ओबीसी कैटेगरी के अभ्यर्थियों को 2500 रुपए शुल्क देना होगा। वहीं, एससी और एसटी वर्ग के उम्मीदवारों के लिए यह शुल्क 1500 रुपए निर्धारित किया गया है।
विशेष ध्यान देने योग्य बात यह है कि जिन छात्रों ने पहले और दूसरे राउंड में अपना रजिस्ट्रेशन सफलतापूर्वक करा लिया था, उन्हें इस बार दोबारा पंजीकरण कराने की कोई आवश्यकता नहीं है। वे सीधे अपनी आगे की प्रक्रिया में हिस्सा ले सकते हैं।
मेरिट लिस्ट और दस्तावेज सत्यापन का पूरा शेड्यूल
काउंसलिंग प्रक्रिया को पारदर्शी और सुचारू रूप से चलाने के लिए बोर्ड ने तारीखें तय कर दी हैं:
- 4 अक्टूबर 2026: प्रोविजनल स्टेट मेरिट लिस्ट जारी की जाएगी। इसी दिन डिफेंस, पैरामिलिट्री, एनआरआई और पीडब्ल्यूडी श्रेणी की विशेष सूचियां भी सार्वजनिक होंगी।
- 5 अक्टूबर 2026: नए अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन (Document Verification) एसएमएस मेडिकल कॉलेज, जयपुर के एकेडमिक ब्लॉक में संपन्न होगा। जिन छात्रों के कागजात पहले के राउंड्स में सत्यापित हो चुके हैं, उन्हें दोबारा आने की जरूरत नहीं है।
- 6 अक्टूबर 2026: तमाम प्रक्रियाओं के बाद अंतिम राज्य मेरिट सूची (Final State Merit List) जारी कर दी जाएगी।
चॉइस फिलिंग और ऑटो लॉक की प्रक्रिया
काउंसलिंग का सबसे अहम हिस्सा चॉइस फिलिंग माना जाता है। शेड्यूल के मुताबिक, 23 सितंबर को आधिकारिक तौर पर सीट मैट्रिक्स जारी कर दी जाएगी। इसके तुरंत बाद 24 सितंबर से लेकर 7 अक्टूबर तक अभ्यर्थी अपनी पसंद के कॉलेजों की चॉइस फिलिंग कर सकेंगे।
छात्रों को यह बात गांठ बांध लेनी चाहिए कि उनके द्वारा भरी गई चॉइस 7 अक्टूबर की रात 11:45 बजे अपने आप यानी ऑटो लॉक हो जाएगी। जिन अभ्यर्थियों को पहले ही कॉलेज मिल चुका है और वे अपनी सीट अपग्रेड कराना चाहते हैं, उन्हें भी इस बार नए सिरे से चॉइस भरनी होगी। हालांकि, जो छात्र अपनी वर्तमान सीट से संतुष्ट हैं और अपग्रेडेशन नहीं चाहते, उन्हें इस थर्ड राउंड में भाग लेने की कोई जरूरत नहीं है।
सीट अलॉटमेंट और रिपोर्टिंग की तारीखें
चॉइस लॉक होने के बाद बोर्ड अपनी अगली प्रक्रिया को अंजाम देगा:
- 9 अक्टूबर 2026: छात्रों की सुविधा के लिए इंडिकेटिव सीट अलॉटमेंट जारी किया जाएगा।
- 10 अक्टूबर 2026: प्रोविजनल सीट अलॉटमेंट की घोषणा होगी।
- 11 से 15 अक्टूबर 2026: जिन अभ्यर्थियों को सीट अलॉट होगी, उन्हें एसएमएस मेडिकल कॉलेज, जयपुर के एकेडमिक ब्लॉक में अपने सभी मूल दस्तावेजों (Original Documents) के साथ व्यक्तिगत रूप से (In-person) उपस्थित होकर रिपोर्ट करना होगा।
थर्ड राउंड में सीट छोड़ने के सख्त नियम
इस बार के नियमों में सख्ती बरती गई है। यदि किसी अभ्यर्थी को थर्ड राउंड में (चाहे वह फ्रेश हो या अपग्रेड) सीट मिल जाती है और वह उसे ज्वाइन नहीं करता है, तो उसकी जमा की गई सिक्योरिटी डिपॉजिट जब्त कर ली जाएगी। इतना ही नहीं, ऐसा छात्र राज्य स्तरीय काउंसलिंग के आगामी किसी भी राउंड के लिए अयोग्य घोषित कर दिया जाएगा।
राउंड-3 में सीट ज्वाइन करने वाले या पहले से अलॉटेड सीट को रिटेन रखने वाले उम्मीदवारों को प्रवेश की अंतिम तिथि तक सीट छोड़ने या इस्तीफा देने की बिल्कुल अनुमति नहीं दी जाएगी। इस समयावधि में उनके मूल दस्तावेज भी वापस नहीं किए जाएंगे। संबंधित कॉलेज या राज्य सरकार द्वारा निर्धारित बॉन्ड के नियम भी पूरी सख्ती के साथ लागू होंगे।
इसके अलावा, जो छात्र पहले या दूसरे राउंड में सीट पा चुके थे और तीसरे राउंड में उनका अपग्रेडेशन हुआ है, उन्हें अपने पूर्व अलॉटेड कॉलेज की फीस जमा करने का प्रमाण दिखाना होगा। व्यक्तिगत रिपोर्टिंग के बाद दस्तावेज और संबंधित फीस नए अपग्रेड हुए कॉलेज में ट्रांसफर कर दी जाएगी। यदि दोनों कॉलेजों की फीस में अंतर आता है, तो अतिरिक्त राशि का भुगतान करना होगा।
सिक सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा करने की प्रक्रिया
वित्त प्रबंधन और फीस भुगतान को लेकर भी स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं। जिन अभ्यर्थियों ने पहले राउंड में रजिस्ट्रेशन करा लिया था और उन्हें कॉलेज मिल गया था, उन्हें नई सिक्योरिटी राशि जमा करने की आवश्यकता नहीं है। हालांकि, जिन लोगों ने पहले राउंड में रजिस्ट्रेशन तो कराया था लेकिन सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा नहीं किया था, वे अब निर्धारित समय सीमा के भीतर यह राशि जमा कर सकते हैं।
सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा करने की विंडो 24 सितंबर से 7 अक्टूबर के बीच खुली रहेगी। इसे नेट बैंकिंग, आरटीजीएस या ऑनलाइन ट्रांसफर के माध्यम से जमा किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त, सभी अलॉटेड अभ्यर्थियों को संबंधित कॉलेज की एक साल की पूरी ट्यूशन फीस ऑनलाइन ही जमा करनी होगी। राहत की बात यह है कि आपकी सिक्योरिटी राशि को इस ट्यूशन फीस में समायोजित (Adjust) कर लिया जाएगा।
कॉलेज में रिपोर्टिंग के समय ऑनलाइन भुगतान की बैंक से सत्यापित रसीद, सभी मूल दस्तावेज और जरूरी बॉन्ड प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। मेडिकल छात्रों के लिए यह चरण उनके भविष्य की नींव है, इसलिए सभी दिशा-निर्देशों को समय रहते पूरा करना ही समझदारी होगी।