हरदोई पुलिस की पहल: मिशन शक्ति और 'स्माइल अभियान' से घर लौटी दो साल की आध्या, मायूस परिवार के चेहरे पर लौटी मुस्कान
उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में पुलिस ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए घर से बिछड़ी दो साल की मासूम को सुरक्षित उसके परिजनों तक पहुंचा दिया है। बुधवार को हुई इस घटना में घर की दहलीज लांघकर बाहर निकली बच्ची रास्ता भटक गई थी और सड़क पर अपना घर तलाश रही थी। स्थानीय नागरिकों की सतर्कता और पुलिस के त्वरित प्रयासों के कारण मासूम कुछ ही घंटों में अपने माता-पिता की गोद में वापस लौट आई। पुलिस की इस कार्रवाई से पूरे परिवार ने राहत की सांस ली है।
कैसे हुई घटना और क्या था मामला
बुधवार को हरदोई शहर में दो साल की आध्या अचानक अपने घर से निकलकर बाहर आ गई। कम उम्र और नासमझी के कारण वह अपना घर और रास्ता भूल गई। सड़क पर अकेली भटक रही बच्ची को देखकर आसपास के लोग उसकी मदद के लिए आगे आए। स्थानीय लोगों ने सूझबूझ दिखाते हुए तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। इसके बाद बच्ची को सुरक्षित रूप से हरदोई के मिशन शक्ति केंद्र पहुंचाया गया, जहां पुलिस ने 'स्माइल अभियान' के तहत उसके परिजनों का पता लगाने की औपचारिक कवायद शुरू की।
पुलिस टीम की सक्रियता से मिला सुराग
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीओ सिटी अजित सिंह चौहान के दिशा-निर्देशों के तहत एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। पुलिसकर्मियों के लगातार प्रयासों ने आखिरकार रंग दिखाया। हालांकि शुरुआती पूछताछ में नासमझ बच्ची केवल अपना नाम 'कन्या' ही बता पा रही थी और इसके अलावा अपने पते या परिवार के बारे में कोई अन्य जानकारी देने में असमर्थ थी। ऐसी स्थिति में मिशन शक्ति केंद्र की महिला पुलिसकर्मियों ने बच्ची की पहचान सुनिश्चित करने और उसके घर का सही पता लगाने के लिए अपने स्रोतों और स्थानीय संपर्कों का दायरा बढ़ाया।
महिला पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका
मिशन शक्ति केंद्र की टीम में तैनात महिला कांस्टेबल पूजा तिवारी, फूलकली, मंजीत कौर, अर्चना और आस्था पटेल ने इस पूरे अभियान में बेहद सराहनीय और सक्रिय भूमिका निभाई। टीम ने लगातार प्रयास करते हुए आसपास के इलाकों में छानबीन की और आखिरकार बच्ची के घर का सटीक पता लगाने में सफलता हासिल की। जांच में सामने आया कि यह दो साल की बच्ची, जिसे वह 'कन्या' बता रही थी, वास्तव में शहर कोतवाली क्षेत्र के सराय थोक पश्चिमी मोहल्ला निवासी रमेश राठौर की पुत्री आध्या है।
माता-पिता को सुरक्षित सौंपी गई मासूम
बच्ची का सही पता चलने के बाद पुलिस ने तत्काल उसके परिजनों से संपर्क किया। बुधवार को ही सभी औपचारिकताओं को पूरा करते हुए पुलिस ने सुरक्षित मिली मासूम आध्या को उसके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया। अपनी जिगर के टुकड़े को सुरक्षित पाकर रमेश राठौर और उनके परिवार के सदस्यों की आंखें भर आईं। परिवार ने हरदोई पुलिस, सीओ सिटी और मिशन शक्ति केंद्र की पूरी टीम का आभार व्यक्त किया है। इस सफल रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद पुलिस के 'स्माइल अभियान' की स्थानीय स्तर पर काफी सराहना हो रही है।