गेमिंग, खिलौनों और ऑटोमोबाइल सेक्टर में चीनी ब्रांड्स ने जापान को दी कड़ी टक्कर
वैश्विक बाजार में एक बड़ा और अप्रत्याशित बदलाव देखने को मिल रहा है। एक समय था जब पूरी दुनिया में जापानी संस्कृति, एनीमे और वहां के अनूठे उत्पादों का दबदबा हुआ करता था, लेकिन अब चीनी कंपनियां न केवल वैश्विक स्तर पर जापानी जीवनशैली को भुना रही हैं, बल्कि खुद जापान के घरेलू बाजार में घुसपैठ कर वहां के ग्राहकों को उन्हीं की संस्कृति नए रूप में बेच रही हैं। गेमिंग, खिलौने और अब ऑटोमोबाइल जैसे क्षेत्रों में चीनी ब्रांड्स ने अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है।
गेन्शिन इंपैक्ट गेम की रिकॉर्ड कमाई
जापान और वैश्विक बाजार में इस बदलाव का सबसे बड़ा उदाहरण शंघाई स्थित कंपनी मिहोयो का लोकप्रिय वीडियो गेम 'गेन्शिन इंपैक्ट' है। वर्ष 2020 में लॉन्च किए गए इस गेम ने साल 2025 के अंत तक 94,955 करोड़ रुपये की भारी-भरकम कमाई कर एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड बनाया है। यह गेम जापानी एनीमे और गाचा मैकेनिक पर पूरी तरह आधारित है, जिसे जापान के युवाओं के बीच बेहद पसंद किया जा रहा है।
इस गेम की सफलता के पीछे मुख्य कारण इसका जापानी-एनीमे मंगा का 'निजिगेन' विजुअल स्टाइल और गाचापॉन कैप्सूल खिलौनों वाले गाचा खरीद सिस्टम को डिजिटल रूप में दुनिया भर के दर्शकों तक पहुंचाना है। दिलचस्प बात यह है कि इस गेम के कुल डाउनलोड्स में जापान की हिस्सेदारी मात्र पांच प्रतिशत ही है, जो इसके वैश्विक प्रभाव को दर्शाता है।
खिलौना बाजार में पॉपमार्ट और मिनीसो का दबदबा
केवल गेमिंग तक ही नहीं, बल्कि टॉय मार्केट में भी चीनी कंपनियों ने जापानी तकनीकों को अपनाकर बड़ी सफलता हासिल की है। चीनी टॉय मेकर 'पॉपमार्ट' ने जापानी कैप्सूल टॉय तकनीक पर आधारित ब्लाइंड बॉक्स के जरिए 'लैबुबू डॉल्स' की धूम पूरी दुनिया में मचाई है। इसके बाद वर्ष 2022 में जापान के बाजार में कदम रखने वाला एक अन्य चीनी ब्रांड 'टॉपटॉय' भी इसी फॉर्मूले के सहारे तेजी से अपने पैर पसार रहा है।
खुद को जापानी शैली में प्रस्तुत करने वाला चीनी रिटेल ब्रांड 'मिनीसो' आज दुनिया के 110 देशों में 8,000 से अधिक स्टोर संचालित कर रहा है। जिन अफ्रीकी और दक्षिण अमेरिकी क्षेत्रों में जापानी कंपनियां अपनी पहुंच नहीं बना पाईं, वहां मिनीसो ने 'हैलो किटी' और 'चीकावा' जैसे लोकप्रिय जापानी कैरेक्टर्स के लाइसेंस लेकर उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोकप्रिय बनाया। यह ब्रांड वर्तमान में हर साल 900 से 1,000 नए स्टोर खोल रहा है।
ऑटोमोबाइल सेक्टर में BYD की ऐतिहासिक एंट्री
चीनी कंपनियों की यह पैठ अब मनोरंजन और खिलौनों से आगे बढ़कर जापान के बेहद खास और प्रतिस्पर्धी छोटे कार सेगमेंट तक पहुंच चुकी है। चीन की प्रमुख इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनी BYD जापान के बाजार में अपनी पकड़ मजबूत करने वाली पहली विदेशी ऑटो कंपनी बन गई है। BYD ने जापानी बाजार में 'BYD Racco' नाम से एक नई इलेक्ट्रिक केई कार पेश की है। जापानी ग्राहकों के बीच इस वाहन को लेकर जबरदस्त उत्साह देखा गया है और लॉन्च होने के महज दो हफ्ते के भीतर ही 1,000 से अधिक लोगों ने इसे खरीद लिया है।