सुबह की भागदौड़ हो या फिर डाइट में प्रोटीन शामिल करने की जल्दी, उबले हुए अंडे (Hard-Boiled Eggs) हर घर में खाए जाते हैं। लेकिन, जब बात इन्हें छीलने की आती है, तो कई बार पसीना छूट जाता है। अंडे का सफेद और नरम हिस्सा जिद्दी छिलके के साथ चिपक कर बाहर आ जाता है, जिससे पूरी मेहनत बेकार हो जाती है। अगर आपके साथ भी अक्सर ऐसा होता है, तो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा '13 मिनट का स्टीमिंग मेथड' आपके लिए किसी वरदान से कम नहीं है। आइए जानते हैं क्या है यह अनोखी ट्रिक और इसके पीछे का विज्ञान।
क्या है 13 मिनट की स्टीमिंग ट्रिक?
अंडों को उबालने के पारंपरिक तरीकों से हटकर यह तकनीक भाप (Steam) पर आधारित है। इसमें फ्रिज से सीधे ठंडे अंडे निकाले जाते हैं और उन्हें उबलते पानी के ऊपर रखे स्टीमर बास्केट में रखा जाता है। इसके बाद बर्तन को ढककर लगभग 13 मिनट तक भाप में पकाया जाता है। प्रक्रिया पूरी होने के तुरंत बाद अंडों को लगभग 15 मिनट के लिए आइस-वाटर बाथ (बर्फ के ठंडे पानी) में डाला जाता है।
विशेषज्ञों की राय: क्या यह वाकई काम करता है?
इस बारे में जानी-मानी चीफ डाइटीशियन डॉ. अमरीन शेख का कहना है कि स्टीमिंग, पारंपरिक रूप से पानी में उबालने का एक बहुत ही उपयोगी विकल्प है। लगातार मिलने वाली भाप की गर्मी से अंडे का सफेद हिस्सा समान रूप से सेट होता है। किए गए परीक्षणों से यह सामने आया है कि भाप में पके अंडे छीलने में काफी आसान होते हैं, खासकर तब जब उन्हें पकने के तुरंत बाद अच्छी तरह से ठंडा किया जाए।
वहीं, कंसलटेंट डाइटीशियन गरिमा गोयल ने इसके पीछे के वैज्ञानिक कारणों को बहुत ही दिलचस्प तरीके से समझाया है। उनके अनुसार, जब अंडों को अचानक गर्म भाप का सामना करना पड़ता है, तो अंडे के सफेद हिस्से के बाहरी प्रोटीन तेजी से सेट हो जाते हैं। इससे पका हुआ सफेद हिस्सा छिलके के अंदरूनी हिस्से से आसानी से अलग होने लगता है। यही वजह है कि ठंडे पानी से धीरे-धीरे गर्म करने की बजाय 'हॉट स्टार्ट' तकनीक छीलने की मुश्किल को काफी हद तक कम कर देती है।
अंडे स्टीम करने की सही प्रक्रिया
अगर आप भी इस ट्रिक को अपने किचन में आजमाना चाहते हैं, तो इन स्टेप्स को फॉलो करें:
- एक बर्तन में लगभग एक इंच पानी डालकर उसे उबाल लें।
- उबलते पानी के ऊपर एक स्टीमर बास्केट (छलनी नुमा बर्तन) सेट करें।
- फ्रिज से निकाले गए ठंडे अंडों को इस बास्केट में सावधानी से रखें।
- बर्तन को ढक्कन से अच्छी तरह बंद कर दें और करीब 12 से 13 मिनट तक पकने दें।
- समय पूरा होते ही अंडों को तुरंत निकालकर बर्फ वाले ठंडे पानी में 15 मिनट के लिए रख दें।
गरिमा गोयल बताती हैं कि ठंडा पानी कुकिंग प्रक्रिया को तुरंत रोक देता है और अंडों के तापमान को तेजी से गिराता है, जिससे उन्हें संभालना और छीलना बेहद आसान हो जाता है।
क्या 13 मिनट का समय हर अंडे के लिए सटीक है?
विशेषज्ञों का मानना है कि 13 मिनट का यह आंकड़ा कोई जादुई नियम नहीं है जो हर बार एक जैसा परिणाम दे। अंडे का आकार, एक साथ उबाले जा रहे अंडों की संख्या और भाप की तीव्रता अंतिम परिणाम को प्रभावित कर सकती है। यदि अंडे बहुत बड़े (Extra-large) हैं, तो उन्हें थोड़ा अधिक समय लग सकता है, जबकि छोटे अंडों का कुकिंग टाइम कम हो सकता है। अगर आपको नरम या जैमी योल (कम पका हुआ पीला भाग) पसंद है, तो समय को और कम करना होगा।
अंडों की उम्र भी रखती है मायने
सिर्फ पकाने का तरीका ही नहीं, बल्कि अंडे कितने पुराने हैं, यह बात भी बहुत मायने रखती है। जैसे-जैसे अंडे पुराने होते हैं, उनके सफेद हिस्से का पीएच (pH) बदल जाता है, जिससे छिलके के साथ उनका जुड़ाव कमजोर हो जाता है। यही कारण है कि थोड़े पुराने अंडे बहुत ताजे अंडों की तुलना में आसानी से छिल जाते हैं। इसलिए स्टीमिंग आपकी मदद जरूर करती है, लेकिन अंडे की फ्रेशनेस भी एक बड़ा कारक है।
छीलते वक्त इन बातों का रखें खास ख्याल
अंडों को ठंडा करने के बाद उन्हें हल्के हाथों से चारों तरफ से क्रैक करें और चौड़े वाले हिस्से (जहां एयर पॉकेट होती है) से छीलना शुरू करें। यदि छिलका फिर भी stubborn (जिद्दी) लगे, तो आप बहते हुए पानी के नीचे भी उन्हें छील सकते हैं।
फूड सेफ्टी का रखें पूरा ध्यान
खाद्य सुरक्षा (Food Safety) के दृष्टिकोण से यह बेहद जरूरी है कि अंडे अच्छी तरह पके हों। यदि आप उन्हें तुरंत नहीं खा रहे हैं, तो बिना देर किए उन्हें वापस फ्रिज में रख दें। उबले हुए अंडों को लंबे समय तक कमरे के तापमान पर खुला नहीं छोड़ना चाहिए।