त्योहारी सीजन के लिए जमा किया गया था भारी मात्रा में पूजन और किराना सामान
मध्य प्रदेश के आर्थिक राजधानी इंदौर के मध्य क्षेत्र में स्थित व्यस्त और घने मारोठिया बाजार में गुरुवार देर रात एक तीन मंजिला दुकान में भीषण आग लग गई। पूजन सामग्री और किराना सामान की इस दुकान में लगी आग ने कुछ ही देर में विकराल रूप धारण कर लिया और इसकी लपटें दूसरी मंजिल तक पहुंच गईं। आधी रात को उठे धुएं के गुबार और भीषण आग को देखकर आसपास के व्यापारियों और स्थानीय रहवासियों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। गनीमत यह रही कि इस घटना में किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है, लेकिन दुकान के भीतर रखा लाखों रुपये का सामान जलकर पूरी तरह खाक हो गया है।
घटना का विवरण और दमकल की कार्रवाई
फायर ब्रिगेड अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना गुरुवार देर रात करीब एक बजे की है। मारोठिया बाजार स्थित 'राम गोपाल कन्हैयालाल' नाम की तीन मंजिला दुकान में अचानक आग लग गई। यह दुकान बंटी शर्मा की बताई जा रही है। आग की शुरुआत सबसे पहले भूतल (नीचे की दुकान) पर हुई, लेकिन देखते ही देखते इसने ऊपरी मंजिलों को भी अपनी चपेट में ले लिया। दुकान से भारी धुआं और लपटें उठती देख आसपास के लोगों ने तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को इसकी सूचना दी।
सूचना मिलते ही सराफा थाना पुलिस और दमकल विभाग की कई गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंच गईं। दमकलकर्मियों ने मोर्चा संभालते हुए कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। बाजार का यह हिस्सा बेहद संकरा होने के बावजूद दमकल दल की मुस्तैदी से आग को आसपास की अन्य दुकानों तक फैलने से रोक लिया गया, वरना एक बड़ा हादसा हो सकता था।
त्योहारी स्टॉक और संभावित कारण
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आगामी त्योहारों के सीजन को ध्यान में रखते हुए दुकान संचालक द्वारा भारी मात्रा में पूजन सामग्री और किराना सामान का स्टॉक मंगवाकर रखा गया था। आग की भीषण चपेट में आने से यह पूरा सामान जल गया। हालांकि आग लगने के पीछे शुरुआती कारण शॉर्ट सर्किट को माना जा रहा है, लेकिन दमकल विभाग और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी वास्तविक कारणों की आधिकारिक जांच कर रहे हैं। इसके साथ ही हादसे में हुए कुल वित्तीय नुकसान का सटीक आकलन भी किया जा रहा है।
संकरे बाजार में टला बड़ा हादसा
मारोठिया बाजार इंदौर के सबसे पुराने, घने और संकरे व्यापारिक क्षेत्रों में गिना जाता है, जहां दुकानें एक-दूसरे से बिल्कुल सटी हुई हैं। ऐसे में इतनी घनी आबादी और व्यापारिक हब के बीच तीन मंजिला इमारत में लगी आग से आसपास की अन्य दुकानों और परिसरों तक के जलने का गंभीर खतरा मंडरा रहा था। समय रहते दमकलकर्मियों द्वारा पानी की बौछार कर आग पर नियंत्रण पा लेने से एक बड़ी आपदा टल गई। रात का समय होने के कारण बाजार में आवाजाही कम थी, जिससे जनहानि टल गई, जो इस घटना का एकमात्र राहत भरा पहलू रहा।