वन मंत्री गणेश नाईक ने नवी मुंबई में आवासीय संपत्तियों पर 20 साल तक प्रॉपर्टी टैक्स और पानी का बिल न बढ़ाने की घोषणा की है। व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर कर बढ़ेगा।
वन मंत्री गणेश नाईक ने वाशी स्थित सिडको प्रदर्शनी केंद्र में आयोजित 'वचनपूर्ति कामगार मेला' के दौरान नवी मुंबई के निवासियों के लिए एक बड़ी राहत की घोषणा की है।
महाराष्ट्र के वन मंत्री गणेश नाईक ने स्पष्ट किया है कि नवी मुंबई क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली आवासीय इमारतों के संपत्ति कर (प्रॉपर्टी टैक्स) और पानी के बिल में अगले 20 वर्षों तक किसी भी प्रकार की बढ़ोतरी नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक काल के दौरान टैक्स और पानी के बिल बढ़ाने के जो प्रस्ताव सामने आए थे, उन्हें जनप्रतिनिधियों की संस्था के अस्तित्व में आने के बाद रोक दिया गया था। जनता से किया गया यह वादा आगामी दो दशकों तक पूरी तरह निभाया जाएगा ताकि आम नागरिकों पर आर्थिक बोझ न पड़े।
व्यावसायिक संपत्तियों पर बढ़ेगा कर
एक तरफ जहां आवासीय परिसरों को करों में पूरी छूट देने का निर्णय लिया गया है, वहीं दूसरी तरफ शहर के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को लेकर कड़े रुख के संकेत दिए गए हैं। मंत्री ने स्पष्ट किया कि दुकानों, होटलों, मोटलों, सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) केंद्रों और डेटा सेंटरों जैसी व्यावसायिक संपत्तियों पर बढ़ा हुआ कर लगाया जाएगा। नगर निगम (मनपा) का राजस्व बढ़ाने के साथ-साथ शहर में अनावश्यक भीड़ को नियंत्रित करने और अनियंत्रित शहरीकरण पर रोक लगाने के उद्देश्य से यह नीति अपनाई जा रही है। इन व्यावसायिक संपत्तियों के लिए कर की सटीक दरें और उन्हें लागू करने का स्वरूप आने वाले समय में आधिकारिक तौर पर स्पष्ट किया जाएगा।
श्रमिक सेना यूनियन का 'वचनपूर्ति कामगार मेला'
यह घोषणा शनिवार को वाशी के सिडको प्रदर्शनी केंद्र में श्रमिक सेना यूनियन की ओर से आयोजित 'वचनपूर्ति कामगार मेला' में की गई। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नवी मुंबई मनपा के सभी प्रतिष्ठानों और परिवहन उपक्रम के ठेका कर्मचारियों को विशेष अनुग्रह अनुदान तथा दिवाली उपहार के रूप में 45,000 रुपये की राशि दिए जाने के निर्णय का स्वागत करना था। इस अवसर पर श्रमिक सेना यूनियन और नागरिकों की ओर से गणेश नाईक का सार्वजनिक अभिनंदन भी किया गया।
कर्मचारी कल्याण और विकास पर जोर
कार्यक्रम के दौरान गणेश नाईक ने जोर देकर कहा कि मनपा का कामकाज संचालित करते समय कर्मचारियों के कल्याण और शहर के संतुलित विकास को समान प्राथमिकता दी जाएगी। नागरिकों पर अतिरिक्त करों का बोझ डाले बिना कर्मचारियों को बेहतर वेतन और निवासियों को उच्च गुणवत्तापूर्ण नागरिक सुविधाएं मुहैया कराने की नीति भविष्य में भी जारी रहेगी।
मेयर सुजाता पाटिल ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि कर्मचारियों को दिया गया अनुग्रह अनुदान केवल वित्तीय लाभ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उनके हितों की रक्षा की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने विपक्ष के उन आलोचनात्मक बयानों का भी जिक्र किया जिसमें केवल घोषणाएं करने की बात कही जा रही थी, जबकि अब योजनाओं के प्रत्यक्ष क्रियान्वयन से सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। इस कार्यक्रम में श्रमिक सेना अध्यक्ष डॉ. संजीव नाईक, उपाध्यक्ष संदीप नाईक, उपमहापौर दशरथ भगत, सदन के नेता सागर नाईक, महासचिव चरण जाधव और विभागीय सचिव सूरज पाटिल समेत मनपा के तमाम पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।