फिल्मों की काल्पनिक कहानियाँ कई बार हकीकत में कितनी खौफनाक साबित हो सकती हैं, इसका अंदाजा नागपुर से सामने आई एक हालिया घटना को देखकर लगाया जा सकता है। महाराष्ट्र के नागपुर जिले के बूटीबोरी इलाके में एक ऐसा सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है, जिसने पुलिस महकमे के साथ-साथ स्थानीय नागरिकों की भी रूह कंपा दी है। यह पूरा मामला किसी फिल्मी स्क्रिप्ट की तरह रचा गया था, जहां एक 38 वर्षीय युवक की हत्या करने के बाद उसके शव को ठिकाने लगाने के लिए बेहद शातिर तरीका अपनाया गया।
बूटीबोरी के जंगलों में छिपाया गया था राज
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नागपुर ग्रामीण के अंतर्गत आने वाले बूटीबोरी थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति पिछले कुछ दिनों से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता था। परिजनों की शिकायत और पुलिस की शुरुआती जांच के बाद जब कड़ियां जोड़ी गईं, तो मामला अपहरण से होते हुए सीधे तौर पर एक ब्लाइंड मर्डर तक जा पहुंचा। पुलिस ने जब अपनी तफ्तीश का दायरा बढ़ाया, तो उन्हें एक ऐसे गुप्त ठिकाने का पता चला जिसके बारे में जानकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
हत्यारों ने वारदात को अंजाम देने के बाद सबूतों को मिटाने के लिए बूटीबोरी के घने जंगलों को चुना। आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से जंगल के एक सुनसान हिस्से में गहरी खुदाई की और शव को जमीन के भीतर दफना दिया ताकि किसी को भनक तक न लगे। जिस अंदाज में इस पूरी वारदात को अंजाम दिया गया, उसकी चर्चा अब हर तरफ 'दृश्यम' स्टाइल मर्डर के रूप में हो रही है।
मौके पर नींबू और हल्दी देख उड़े पुलिस के होश
जांच के दौरान जब पुलिस दल उस सुनसान जंगल में पहुंचा, तो वहां का दृश्य देखकर अधिकारी भी सन्न रह गए। दफनाई गई जगह के आसपास नींबू, हल्दी और अन्य पूजा-पाठ जैसी सामग्री बिखरी हुई थी। इसे देखकर शुरुआती तौर पर ऐसा प्रतीत होता है कि हत्यारों ने पुलिस और कानून की आंखों में धूल झोंकने के लिए या तो किसी अंधविश्वास का सहारा लिया था या फिर वे इस कृत्य को किसी तांत्रिक क्रिया का रूप देना चाहते थे ताकि लोग डर के मारे उस तरफ जाएं ही नहीं।
हालाँकि, पुलिस की पैनी निगाहों से यह शातिर चाल छिप नहीं सकी। मौके की नजाकत को भांपते हुए स्थानीय पुलिस प्रशासन ने तुरंत मजिस्ट्रेट और फॉरेंसिक टीम को सूचित किया। इसके बाद पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए उस स्थान की फिर से खुदाई करवाई।
खोदकर बाहर निकाला गया शव
कड़ी सुरक्षा और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की मौजूदगी में जब उस स्थान की खुदाई की गई, तो अंदर से 38 वर्षीय मृतक का शव बरामद हुआ। शव को सड़ी-गली अवस्था में बाहर निकाला गया। पुलिस ने तुरंत पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए नागपुर के शासकीय अस्पताल (मेडिकल कॉलेज) भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों और समय का पुख्ता खुलासा हो सकेगा।
आपसी रंजिश या प्रेम प्रसंग? क्या है हत्या की असली वजह
सवाल यह उठता है कि आखिर उस 38 वर्षीय युवक की जान किसने और क्यों ली? क्या यह मामला किसी पुरानी रंजिश का नतीजा है या फिर इसके पीछे कोई त्रिकोणीय प्रेम प्रसंग या पैसों का लेन-देन जुड़ा हुआ है? पुलिस फिलहाल इन सभी एंगल से बारीकी से जांच कर रही है।
- लापता व्यक्ति की शिकायत: शुरुआत में परिवार वालों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
- कॉल डिटेल्स और सर्विलांस: पुलिस ने मृतक के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) खंगाली, जिससे कुछ संदिग्धों के नाम सामने आए।
- संदिग्धों से पूछताछ: पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में लिया है जिनसे लगातार पूछताछ की जा रही है। माना जा रहा है कि जल्द ही इस हत्याकांड का पूरा पर्दाफाश हो जाएगा।
कानून के लंबे हाथों से बचना नामुमकिन
चाहे अपराधी कितनी भी चालाकी से सबूतों को मिटाने की कोशिश क्यों न कर लें, कानून और पुलिस की चौकसी के आगे उनकी हर चाल आखिरकार विफल हो जाती है। नागपुर के इस बहुचर्चित हत्याकांड ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अपराध चाहे जितनी भी गहराई में क्यों न दफनाया जाए, सच्चाई एक न एक दिन बाहर आ ही जाती है।
फिलहाल, बूटीबोरी पुलिस ने इस संबंध में हत्या और साक्ष्य छुपाने से संबंधित गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस वारदात में शामिल मुख्य आरोपी और उसके सहयोगियों को बहुत जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस सनसनीखेज घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैली हुई है और लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं।