देश में पेट्रोल की बढ़ती कीमतों के कारण आम नागरिकों के मासिक बजट पर काफी असर पड़ रहा है, जहां केवल ईंधन पर ही तीन से पांच हजार रुपये तक खर्च हो जाते हैं। इस बीच, नई इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और सरकारी 'पीएम ई-ड्राइव' सब्सिडी योजना के चलते किफायती और अच्छी रेंज वाले इलेक्ट्रिक स्कूटर बाजार में उपलब्ध हैं, जो हर महीने बड़े पैमाने पर खर्च बचाने में मददगार साबित हो सकते हैं।
पेट्रोल स्कूटर और इलेक्ट्रिक स्कूटर के बीच 5 साल का खर्च गणित
यदि कोई व्यक्ति प्रतिदिन लगभग 30 किलोमीटर की यात्रा करता है, तो महीने में कुल दूरी करीब 900 किलोमीटर बनती है। एक सामान्य 110 सीसी पेट्रोल स्कूटर लगभग 40 किलोमीटर प्रति लीटर का माइलेज देता है, जिसके हिसाब से महीने में करीब 22.5 लीटर पेट्रोल यानी लगभग 2,300 रुपये का ईंधन खर्च होता है। इसके विपरीत, आधुनिक इलेक्ट्रिक स्कूटर एक बार चार्ज होने पर महज 2 यूनिट बिजली की खपत करता है, जिससे मासिक चार्जिंग खर्च केवल 150 से 180 रुपये के बीच रहता है।
रनिंग कॉस्ट की तुलना करें तो पेट्रोल स्कूटर पर प्रति किलोमीटर 2.50 से 2.80 रुपये खर्च होते हैं, जबकि इलेक्ट्रिक स्कूटर पर यह खर्च महज 0.15 से 0.20 रुपये प्रति किलोमीटर आता है। वार्षिक मेंटेनेंस के मामले में भी पेट्रोल वाहनों में इंजन ऑयल बदलने और अन्य पार्ट्स पर करीब 4,500 रुपये खर्च होते हैं, जबकि ईवी में इंजन संबंधी कलपुर्जे न होने के कारण यह खर्च घटकर लगभग 800 रुपये रह जाता है। इन आंकड़ों के अनुसार, पांच वर्षों की अवधि में पेट्रोल स्कूटर पर कुल खर्च लगभग 1,60,500 रुपये बैठता है, जबकि इलेक्ट्रिक स्कूटर का कुल खर्च लगभग 13,500 रुपये ही रहता है, जिससे करीब 1,47,000 रुपये की बड़ी बचत होती है।
पचास हजार रुपये के दायरे में आने वाले पांच प्रमुख इलेक्ट्रिक स्कूटर
बाजार में किफायती कीमत और बेहतरीन बैटरी वारंटी के साथ कई विकल्प मौजूद हैं। एम्पीयर रियो ली प्लस की कीमत लगभग 47,000 रुपये है, जो 65 से 70 किलोमीटर की रेंज और डिटैचेबल लिथियम बैटरी के साथ आती है। यो बाइस ड्रिफ्ट की कीमत करीब 44,000 रुपये है, जो नो-लाइसेंस मॉडल होने के कारण छात्रों और बुजुर्गों के लिए 25 किलोमीटर प्रति घंटे की सुरक्षित गति प्रदान करती है। कोमाकी एक्सजीटी केएम की कीमत लगभग 49,500 रुपये है, जो 85 किलोमीटर की रेंज, रिवर्स गियर और डिजिटल डिस्प्ले जैसी सुविधाओं से लैस है। ओकिनावा आर30 की कीमत सब्सिडी के बाद लगभग 48,000 रुपये है और यह 60 किलोमीटर की रेंज देती है। इसके अलावा, हीरो इलेक्ट्रिक एडी को शॉर्ट डिस्टेंस और दैनिक जरूरतों के लिहाज से डिजाइन किया गया है।
सरकारी सब्सिडी योजना: पीएम ई-ड्राइव योजना के अंतर्गत मिलने वाली सब्सिडी की राशि वाहन विक्रेता द्वारा सीधे बिल यानी इनवॉइस से कम कर दी जाती है, जिसके लिए खरीदार को केवल अपना आधार कार्ड डीलर के पास जमा करना होता है।
कम गति वाले मॉडलों के लिए बिना लाइसेंस और आरटीओ पंजीकरण के नियम
केंद्रीय मोटर वाहन नियमों के प्रावधानों के तहत, जिन इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की अधिकतम गति 25 किलोमीटर प्रति घंटा और मोटर क्षमता 250 वॉट तक सीमित होती है, उन्हें चलाने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस और आरटीओ पंजीकरण कराने की कानूनी अनिवार्यता नहीं होती है। हालांकि, सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए हेलमेट पहनना हमेशा आवश्यक रहता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या इलेक्ट्रिक स्कूटर की बैटरी जल्दी खराब हो जाती है?
पुरानी लेड-एसिड बैटरी वाले मॉडलों में ऐसी समस्या आती थी, लेकिन आधुनिक लिथियम फेरोफॉस्फेट बैटरियों पर निर्माता कंपनियां तीन से पांच साल तक की वारंटी प्रदान करती हैं, जो डेढ़ हजार से अधिक चार्जिंग साइकिल तक आसानी से चलती हैं।
बरसात के दिनों में इनका इस्तेमाल कितना सुरक्षित है?
वर्तमान समय में उपलब्ध अधिकांश ब्रांडेड स्कूटर्स की मोटर और बैटरी आईपी67 वॉटरप्रूफ तथा डस्टप्रूफ रेटिंग के साथ आती हैं, जो भारी बारिश और जलभराव वाले रास्तों पर भी पूरी तरह सुरक्षित रहती हैं।