मुजफ्फरपुर के बंदरा प्रखंड में सर्वे कार्य के नाम पर पैसे लेते हुए वीडियो वायरल होने के बाद प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। भू-अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय, पटना के आदेश पर विशेष सर्वेक्षण अमीन रमण कुमार की संविदा सेवा तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई है। इस कार्रवाई से भूमि सर्वेक्षण महकमे में हड़कंप मच गया है।
यह पूरा मामला मुजफ्फरपुर जिले के बंदरा प्रखंड अंतर्गत नूनफरा पंचायत के वार्ड संख्या-2 के मोहनपुर गांव से जुड़ा है। गत 8 अक्टूबर को इंटरनेट मीडिया पर विशेष सर्वेक्षण अमीन का रुपये लेते हुए एक वीडियो तेजी से प्रसारित हुआ था। हालांकि उस वीडियो में पैसों के लेन-देन का वास्तविक कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया था, लेकिन मामला संज्ञान में आते ही विभागीय अधिकारियों ने त्वरित संज्ञान लिया।
स्पष्टीकरण का जवाब न देना पड़ा भारी
वायरल वीडियो सामने आने के बाद एएसओ सुभाष कुमार ने तुरंत संबंधित अमीन से स्पष्टीकरण तलब किया था। मामला गंभीर पाए जाने पर मुजफ्फरपुर के बंदोबस्त पदाधिकारी ने उच्च स्तर पर कठोर कार्रवाई की संस्तुति भेजी। इसके बाद निदेशालय स्तर से भी अमीन को नोटिस भेजकर जवाब मांगा गया, लेकिन आरोपी अमीन की ओर से कोई उत्तर नहीं दिया गया। उच्च अधिकारियों के आदेश की इस अवहेलना और निर्देशों की उपेक्षा को विभाग ने अत्यंत गंभीरता से लिया।
नियमावली के तहत की गई कार्रवाई
भू-अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय ने 'बिहार विशेष सर्वेक्षण मानदेय आधारित संविदा नियोजन नियमावली, 2019' और उसकी संशोधित नियमावली, 2022 की कंडिका 8(4) के प्रावधानों के तहत यह अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। विभाग की तरफ से जारी आदेश में यह स्पष्ट रूप से कहा गया है कि राज्य में चल रहा विशेष सर्वेक्षण एक बेहद महत्वपूर्ण और समयबद्ध कार्य है, जिसमें पारदर्शिता, पूर्ण ईमानदारी और निष्पक्षता बनाए रखना अनिवार्य है। इस तरह के आचरण से पूरे सर्वे अभियान की छवि धूमिल होती है। इस कठोर निर्णय की आधिकारिक प्रति बंदोबस्त पदाधिकारी, मुजफ्फरपुर को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दी गई है।