सड़क सुरक्षा के तमाम दावों और प्रशासनिक सख्ती के बावजूद रफ्तार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा मामला एक दिल दहला देने वाली दुर्घटना का है, जहां एक अनियंत्रित डीसीएम वाहन सड़क किनारे बने एक मड़हे (झोपड़ी) में जा घुसा। इस भीषण हादसे में एक महिला और एक मासूम बालक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
कैसे हुआ यह भयानक हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय सड़क पर आवाजाही सामान्य थी। अचानक तेज रफ्तार से आ रही एक डीसीएम अनियंत्रित हो गई। चालक वाहन पर से अपना नियंत्रण पूरी तरह खो बैठा, जिसके बाद बेकाबू वाहन सड़क की पटरी से उतरते हुए सीधे वहां मौजूद एक मड़हे से जा टकराया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि मड़हे के परखच्चे उड़ गए और वहां बैठे लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
हादसे की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के ग्रामीण तुरंत अपने घरों से बाहर निकल आए। उन्होंने देखा कि मड़हे के मलबे के नीचे लोग दबे हुए हैं। स्थानीय लोगों ने बिना एक पल गंवाए राहत और बचाव कार्य शुरू किया और फौरन इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी।
बालक और महिला की स्थिति गंभीर
इस अप्रत्याशित दुर्घटना की चपेट में आने से एक महिला और एक छोटा बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों को मलबे से बाहर निकाला गया और एंबुलेंस के जरिए तुरंत नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, दोनों की हालत गंभीर बनी हुई है और उनका इलाज विशेष देखरेख में किया जा रहा है।
घटना के बाद से पीड़ित परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोग इस बात को लेकर बेहद गुस्से में हैं कि भारी वाहनों की बेकाबू रफ्तार आए दिन इस तरह के हादसों को दावत दे रही है।
पुलिस प्रशासन की कार्रवाई
- सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस बल मौके पर पहुंच गया।
- दुर्घटनाग्रस्त डीसीएम को कब्जे में ले लिया गया है।
- हादसे के बाद फरार हुए चालक की तलाश के लिए पुलिस दबिश दे रही है।
- मार्ग पर यातायात को सुचारू रूप से चालू करा दिया गया है।
लगातार बढ़ रहे सड़क हादसे चिंता का विषय
विशेषज्ञों का मानना है कि अनियंत्रित गति और ड्राइवरों की लापरवाही आज के समय में सड़क हादसों का सबसे बड़ा कारण बन चुकी है। विशेषकर ग्रामीण इलाकों और हाईवे के किनारे बने कच्चे मकानों या मड़हों में रहने वाले लोग इन हादसों का आसान शिकार बन रहे हैं। प्रशासन को इस दिशा में कड़े कदम उठाने की जरूरत है ताकि बेपरवाह चालकों पर नकेल कसी जा सके।
फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और चालक के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। घायलों के स्वास्थ्य पर डॉक्टर लगातार नजर बनाए हुए हैं।