यात्रियों की सुरक्षा के लिए एनएचएआई ने उठाया एहतियाती कदम, मरम्मत कार्य पूरा होने तक वैकल्पिक मार्ग का करना होगा उपयोग
हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग-205 (NH-205) पर यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। जिले की नम्होल उपतहसील के अंतर्गत आने वाले खालोटा गांव के पास सड़क धंसने की घटना सामने आई है, जिसके बाद सुरक्षा के मद्देनजर इस मार्ग पर ट्रैफिक को डायवर्ट कर दिया गया है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने वाहन चालकों को एहतियात बरतने और नियमों का पालन करने की सलाह दी है।
मानसून सीजन के दौरान बिगड़े हालात
अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान मानसून सीजन के प्रभाव के चलते पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग के इस हिस्से की स्थिति प्रभावित हुई है। लगातार बारिश और अन्य कारणों से सड़क का एक हिस्सा धंस गया, जिससे बड़े वाहनों और आम यात्रियों की आवाजाही के लिए जोखिम पैदा हो गया था। किसी भी अप्रिय घटना को टालने और सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एनएचएआई ने तुरंत प्रभाव से यातायात को वैकल्पिक रास्तों की ओर मोड़ने का निर्णय लिया।
एनएचएआई की वाहन चालकों से विशेष अपील
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने इस मार्ग से गुजरने वाले सभी ड्राइवरों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे यात्रा के दौरान पूरी तरह सतर्क रहें। सड़क मार्ग पर यातायात से जुड़े दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें और मौके पर तैनात अधिकारियों व कर्मचारियों का सहयोग करें। प्राधिकरण के तकनीकी दल लगातार क्षतिग्रस्त हिस्से की निगरानी कर रहे हैं ताकि स्थिति पर पूरी नजर रखी जा सके।
कब तक लागू रहेगी यह व्यवस्था?
सड़क पर आई इस तकनीकी खराबी को दूर करने के लिए मरम्मत का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। एनएचएआई ने स्पष्ट किया है कि जब तक सड़क की आवश्यक मरम्मत और सुधार कार्य पूरी तरह से मुकम्मल नहीं हो जाते, तब तक यह वैकल्पिक यातायात व्यवस्था ही लागू रहेगी। प्राधिकरण का मुख्य उद्देश्य इस व्यस्त मार्ग पर आवागमन को पूरी तरह सुरक्षित और सुचारू बनाए रखना है, ताकि चालकों को किसी प्रकार की बड़ी असुविधा का सामना न करना पड़े।