डीडीयू गोरखपुर विश्वविद्यालय के वाणिज्य संकाय में चल रही मतगणना, पांचवें राउंड के बंडल बनाने की तैयारी शुरू
गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक विधान परिषद सदस्य (MLC) चुनाव के लिए मतगणना दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के वाणिज्य संकाय में जारी है। प्रशासनिक अधिकारियों की देखरेख में मतपत्रों की छंटाई और बंडल तैयार करने की प्रक्रिया पूरी सतर्कता के साथ आगे बढ़ रही है। चुनाव से जुड़े आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, अब तक कुल 15,946 मतपत्रों की छंटाई का कार्य सफलताપૂર્વक पूरा कर लिया गया है। मतगणना स्थल पर चुनावी प्रक्रिया की हर गतिविधि पर जिला प्रशासन की पैनी नजर बनी हुई है।
चौथे राउंड का बंडल तैयार, प्रथम वरीयता के मतों का इंतजार
मतगणना के ताजा चरण में अधिकारियों ने चौथे राउंड के मतपत्रों का बंडल पूरी तरह तैयार कर लिया है। इसके साथ ही अब पांचवें राउंड के मतपत्रों का बंडल बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। निर्वाचन नियमों के अनुसार, मतपत्रों की छंटाई और बंडलिंग का यह चरण पूरा होने के बाद प्रथम वरीयता के मतों की वास्तविक गिनती शुरू की जाएगी। इस प्रक्रिया के मुकम्मल होने के बाद ही चुनावी मुकाबले की शुरुआती तस्वीर और रुझान स्पष्ट होने की उम्मीद जताई जा रही है।
प्रमुख उम्मीदवारों के बीच कड़ा मुकाबला
इस बार के शिक्षक एमएलसी चुनाव में मुख्य मुकाबला तीन प्रमुख प्रत्याशियों के बीच माना जा रहा है। इनमें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार डॉ. ध्रुव कुमार त्रिपाठी, समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रत्याशी डॉ. संजयन त्रिपाठी और निर्दलीय उम्मीदवार अजय सिंह मैदान में हैं। इन तीनों दिग्गजों के बीच कांटे की टक्कर को लेकर राजनीतिक गलियारों और समर्थकों में उत्सुकता का माहौल है। हालांकि, मतगणना की प्रक्रिया अभी शुरुआती चरणों में है, इसलिए सभी की निगाहें अंतिम परिणामों पर टिकी हुई हैं।
विश्वविद्यालय परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम और ड्रोन से निगरानी
मतगणना केंद्र और उसके आसपास शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए हैं। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर के भीतर और बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने और असामाजिक तत्वों पर नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरों के जरिए आसमान से निगरानी की जा रही है। मतगणना केंद्र पर प्रेक्षक, रिटर्निंग ऑफिसर और जिलाधिकारी की मौजूदगी में पूरी पारदर्शिता के साथ प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। प्रशासन का मुख्य जोर इस पूरी मतगणना को पूरी तरह शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने पर है।