रोहित शर्मा के आलोचकों को पूर्व S&C कोच का करारा जवाब, कहा- 2017 में झेली थी करियर के लिए खतरनाक चोट
भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी बल्लेबाज रोहित शर्मा की फिटनेस और खेल शैली को लेकर लंबे समय से चर्चा होती रही है। सोशल मीडिया पर अक्सर उन्हें लेकर होने वाली आलोचनाओं पर अब भारतीय टीम के पूर्व स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग (S&C) कोच सोहम देसाई ने खुलकर बात की है। एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने खुलासा किया कि साल 2017 में चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पाकिस्तान के खिलाफ हार के बाद रोहित शर्मा एक गंभीर चोट का शिकार हो गए थे, जो उनके करियर के लिए बड़ा खतरा बन गई थी।
प्रशांत देसाई के साथ बातचीत में सोहम देसाई ने बताया कि लोग अक्सर रोहित शर्मा को लेकर अनभिज्ञता के कारण उन्हें सुस्त या अनुशासित न होने का ताना देते हैं, जबकि असलियत इससे काफी अलग है। उस समय उनके हिप फ्लेक्सर और हैमस्ट्रिंग की सर्जरी हुई थी। सोहम के अनुसार, यदि रोहित ने पर्दे के पीछे कड़ी मेहनत न की होती और अनुशासन न दिखाया होता, तो वह इस स्तर पर इतने लंबे समय तक नहीं टिक पाते।
सावधानी और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग की अनिवार्यता
करीब पांच साल तक भारतीय टीम के साथ काम कर चुके सोहम देसाई ने बताया कि रोहित शर्मा का हिप एरिया उनका कमजोर हिस्सा रहा है। यदि वह सप्ताह में न्यूनतम दो स्ट्रेंथ सेशन में हिस्सा नहीं लेते हैं, तो उनके शरीर के लिए स्थिति चुनौतीपूर्ण हो सकती है। पिछले सात-आठ वर्षों से यही स्थिति बनी हुई है। यदि वह आलसी होते या मेहनत नहीं करते, तो वह आज तक मैदान पर टिके नहीं रह सकते थे, न ही आईपीएल में कप्तानी कर पाते और न ही सभी फॉर्मेट में निरंतरता बनाए रख पाते।
वर्तमान में लखनऊ सुपरजायंट्स के साथ जुड़े सोहम ने विराट कोहली और रोहित शर्मा की ट्रेनिंग शैली में अंतर भी स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि रोहित की ट्रेनिंग मुख्य रूप से स्ट्रेंथ, एक्सप्लोसिव और रिएक्टिव आधारित होती है, क्योंकि उनकी पिछली इंजरी हिस्ट्री को देखते हुए यह जरूरी है। इसके विपरीत, विराट कोहली अपनी फिटनेस और मैदान की जरूरतों के हिसाब से अलग दिनचर्या का पालन करते हैं।
टी20 और टेस्ट से संन्यास के बाद बेहतर नियंत्रण
पूर्व कोच का मानना है कि टी20 इंटरनेशनल और टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद रोहित शर्मा के पास अब अपनी फिटनेस और समय को बेहतर ढंग से नियंत्रित करने का अवसर है। जब कोई खिलाड़ी लगातार तीनों फॉर्मेट खेलता है, तो उसके लिए शरीर को आराम देना और रिकवरी करना कठिन हो जाता है। वेस्टइंडीज के खिलाफ हाल ही में खेली गई घरेलू वनडे सीरीज में रोहित ने शानदार प्रदर्शन किया था और अब वह 4 नवंबर से शुरू होने वाले न्यूजीलैंड के आगामी पांच मैचों के वनडे दौरे पर मैदान पर उतरेंगे।