आगरा खंड स्नातक एमएलसी चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी युवराज अम्बरीश पाल ने अपनी जीत का पुख्ता दावा किया है। उन्होंने मतदान प्रक्रिया के दौरान विभिन्न स्थानों पर गड़बड़ी और सरकारी तंत्र के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए चुनाव आयोग से निष्पक्ष मतगणना की मांग उठाई है।
शनिवार को आयोजित एक प्रेसवार्ता के दौरान युवराज अम्बरीश पाल ने चुनाव प्रक्रिया में उनका समर्थन करने वाले सभी साथियों, कार्यकर्ताओं, पोलिंग एजेंटों और मतदाताओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उन्हें आगरा के साथ-साथ अन्य संबंधित जिलों के मतदाताओं से भी भारी समर्थन प्राप्त हुआ है, जिसके आधार पर उनकी जीत निश्चित है।
मतदान के दौरान गड़बड़ी और बूथ कैप्चरिंग के आरोप
प्रेसवार्ता में निर्दलीय प्रत्याशी ने मतदान के दौरान कई जिलों में गंभीर अनियमितताएं होने का दावा किया। उनके अनुसार, अलीगढ़ के खैर, करहल, छाता, फतेहाबाद, खेरागढ़ और सैंया समेत लगभग एक दर्जन स्थानों पर मतदान के दौरान बूथ कैप्चरिंग और अन्य व्यवस्थागत गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आईं।
अमरीश पाल सिंह ने यह भी आरोप लगाया कि कई मतदान केंद्रों के भीतर जनप्रतिनिधियों, जिनमें विधायक, सांसद और मंत्री शामिल हैं, की उपस्थिति दर्ज की गई। उन्होंने इसे चुनाव आचार संहिता और निष्पक्षता के विरुद्ध बताते हुए सरकारी तंत्र के कथित दुरुपयोग की बात कही।
चुनाव आयोग से शिकायत और निष्पक्ष मतगणना की अपील
निर्दलीय प्रत्याशी ने जानकारी दी कि मतदान के दौरान हुई कथित गड़बड़ियों के संबंध में उन्होंने निर्वाचन आयोग को ईमेल के माध्यम से औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। हालांकि, उनके मुताबिक इस शिकायत पर अभी तक आयोग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या जवाब प्राप्त नहीं हुआ है।
अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने चुनाव आयोग से अपील की है कि वह इन शिकायतों का संज्ञान ले और आगामी मतगणना प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और भयमुक्त माहौल में संपन्न कराए, ताकि मतदाताओं के वास्तविक जनादेश की रक्षा हो सके।
नोट: समाचार में उल्लिखित बूथ कैप्चरिंग, सरकारी तंत्र के दुरुपयोग और मतदान में गड़बड़ी से जुड़े सभी बिंदु निर्दलीय प्रत्याशी युवराज अम्बरीश पाल के दावे और आरोप हैं।