कानून-व्यवस्था ड्यूटी के दौरान घायल हुए 250 से अधिक दिल्ली पुलिसकर्मियों को 15 हजार से 25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
ड्यूटी के दौरान घायल हुए पुलिसकर्मियों के लिए राहत भरी खबर, वेलफेयर फंड से दी जाएगी वित्तीय मदद
दिल्ली पुलिस ने कानून-व्यवस्था और सुरक्षा से जुड़ी ड्यूटियों का निर्वहन करते समय घायल हुए 250 से अधिक पुलिसकर्मियों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की है। इस पहल के तहत गंभीर रूप से घायल और अन्य प्रकार से चोटिल हुए जवानों को उनकी चोट की गंभीरता के आधार पर 15 हजार रुपये से लेकर 25 हजार रुपये तक की वित्तीय मदद प्रदान की जाएगी।
एक आधिकारिक आदेश के मुताबिक, दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार ने इस सहायता राशि को औपचारिक मंजूरी दे दी है। इस व्यवस्था के अंतर्गत गंभीर रूप से घायल होने वाले पुलिसकर्मियों को 25 हजार रुपये की राशि दी जाएगी, जबकि अन्य रूप से चोटिल हुए कर्मियों के लिए 15 हजार रुपये निर्धारित किए गए हैं।
दिल्ली पुलिस वेलफेयर सोसाइटी फंड से होगी राशि जारी
अपर पुलिस आयुक्त (जनसंपर्क) राजीव रंजन ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि यह पूरी सहायता राशि दिल्ली पुलिस वेलफेयर सोसाइटी फंड से प्रदान की जाएगी। उन्होंने इस कदम के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह वित्तीय सहायता उन सभी जवानों के समर्पण, निष्ठा और बलिदान का सम्मान है, जिन्होंने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान शारीरिक चोटें झेली हैं। उनके अनुसार, अपने कर्मियों का कल्याण और उनकी उचित देखभाल करना दिल्ली पुलिस विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
डीसीपी भेज सकेंगे विशेष मामलों में प्रस्ताव
जारी किए गए आधिकारिक आदेश में यह भी प्रावधान किया गया है कि यदि कोई मामला विशेष या अत्यधिक गंभीर प्रकृति का है, तो संबंधित जिले या यूनिट के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) सहायता राशि को बढ़ाने के वास्ते उच्च अधिकारियों को विशेष प्रस्ताव भेज सकते हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2026 के दौरान विभिन्न विरोध-प्रदर्शनों, दंगों को नियंत्रित करने और सुरक्षा व्यवस्था संभालने के अभियानों में 250 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए थे।
'आहत वीर सम्मान पत्र' की पृष्ठभूमि
उल्लेखनीय है कि दिल्ली पुलिस ने ड्यूटी के दौरान, विशेष तौर पर हिंसक प्रदर्शनों, दंगों से निपटने या खतरनाक अपराधियों को पकड़ने के जोखिम भरे अभियानों में घायल होने वाले पुलिसकर्मियों को सम्मानित करने की परंपरा के तहत वर्ष 2023 में 'आहत वीर सम्मान पत्र' की शुरुआत की थी। इस पहल का उद्देश्य ड्यूटियों पर तैनात सुरक्षा कर्मियों का मनोबल बनाए रखना और उनके योगदान को मान्यता देना है।