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राजभवन मार्च पर भड़कीं मीसा भारती, बोलीं- वॉटर कैनन क्या, सरकार गोली भी चलवा सकती है!

राजभवन मार्च पर भड़कीं मीसा भारती, बोलीं- वॉटर कैनन क्या, सरकार गोली भी चलवा सकती है!

बिहार की सियासत में एक बार फिर से आंदोलन और संघर्ष का दौर अपने चरम पर लौटने वाला है? बुधवार को पटना की सड़कों पर जो कुछ भी देखने को मिला, उसने इस सवाल को और ज्यादा प्रासंगिक बना दिया है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) द्वारा छात्रों के मुद्दों को लेकर निकाला गया राजभवन मार्च देखते ही देखते रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। इस दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने के लिए वॉटर कैनन का जमकर इस्तेमाल किया, जिसके बाद सियासी पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया है।

जेपी गोलंबर से शुरू हुआ मार्च बना जंग का मैदान

बुधवार को सुबह से ही पटना के जेपी गोलंबर पर आरजेडी कार्यकर्ताओं और छात्र नेताओं का जुटना शुरू हो गया था। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के नेतृत्व में हजारों की संख्या में कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां और झंडे लेकर राजभवन की ओर कूच कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का मुख्य उद्देश्य बिहार में छात्रों की समस्याओं, पेपर लीक के मामलों, परीक्षाओं में हो रही धांधली और रोजगार जैसे गंभीर मुद्दों पर सरकार को घेरना था।

मार्च जैसे ही डाकबंगला क्रॉसिंग को पार कर इनकम टैक्स गोलंबर की तरफ बढ़ा, वहां पहले से तैनात भारी पुलिस बल ने रास्ते में मजबूत बैरिकेडिंग कर रखी थी। पुलिस प्रशासन किसी भी कीमत पर मार्च को राजभवन तक पहुंचने नहीं देना चाहता था। भीड़ के गुस्से और जोश के आगे बैरिकेडिंग कमजोर पड़ने लगी, जिसके बाद पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पानी की बौछार यानी वॉटर कैनन का इस्तेमाल शुरू कर दिया।

'ये तो छोटी बात है, सरकार गोलियां भी चलवा सकती है'- मीसा भारती

पुलिस की इस कार्रवाई से आरजेडी सांसद मीसा भारती का गुस्सा फूट पड़ा। मौके पर मौजूद मीडिया से बात करते हुए उन्होंने नीतीश सरकार पर तीखा हमला बोला। मीसा भारती ने बेहद आक्रामक लहजे में कहा,

"पानी की बौछार चलाना तो बहुत छोटी बात है। जिस तरह की तानाशाही इस सरकार में चल रही है, कल को यह सरकार विरोधियों और छात्रों पर गोलियां और बंदूकें भी चलवा सकती है। लेकिन हमारे छात्र और युवा डरने वाले नहीं हैं, वे अपने अधिकारों के लिए जेल जाने को भी पूरी तरह तैयार हैं।"

आरजेडी सांसद ने विशेष रूप से सिवान के जिलाधिकारी (DM) का मुद्दा उठाते हुए कसम खाई कि जब तक सिवान डीएम को निलंबित नहीं किया जाता और उन पर कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनकी पार्टी और छात्र चैन से नहीं बैठेंगे।

तेजस्वी यादव बोले- 'सरकार पूरी तरह डरी हुई है, हम जेल से नहीं डरते'

हंगामा बढ़ने और स्थिति तनावपूर्ण होने के बाद पुलिस ने सुरक्षा के लिहाज से नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और सांसद मीसा भारती समेत कई प्रमुख नेताओं और सैकड़ों कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया। जैसे ही तेजस्वी यादव को पुलिस हिरासत में लेकर गाड़ी में बैठाया गया, आरजेडी समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा। कई उत्साही समर्थक पुलिस की गाड़ी की छत पर चढ़ गए और सरकार विरोधी जमकर नारेबाजी करने लगे।

हिरासत में जाने से पहले मीडिया से मुखातिब होते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि यह सरकार जनता के आक्रोश से बुरी तरह घबरा चुकी है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा:

  • जनता की ताकत: कोई भी सरकार हमेशा के लिए नहीं रहती। सत्ता के अहंकार में चूर लोगों को आखिरकार जनता और युवाओं की ताकत के आगे झुकना ही पड़ेगा।
  • शांतिपूर्ण प्रदर्शन: हम लोग हाथ में तिरंगा लेकर पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से युवाओं के भविष्य के लिए मार्च निकाल रहे थे, लेकिन सरकार तानाशाही पर उतर आई है।
  • मुख्य मांगें: हमारा संघर्ष पेपर लीक रोकने, परीक्षा व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और बिहार के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने के लिए है।
  • डर नहीं: हम लाठी, गोली या जेल जाने से डरने वाले नहीं हैं। यह न्याय की लड़ाई है और अंतिम दम तक लड़ी जाएगी।

बिहार की सियासत पर असर और आगे की राह

इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि आगामी दिनों में बिहार की राजनीतिक जमीन पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव और ज्यादा तेज होने वाला है। बेरोजगारी और छात्र हित के मुद्दों को हथियार बनाकर आरजेडी ने सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख अपना लिया है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इन तेवरों से कैसे निपटता है और सरकार इन गंभीर आरोपों पर क्या प्रतिक्रिया देती है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1: RJD ने राजभवन मार्च क्यों निकाला था?

Ans: RJD ने यह मार्च मुख्य रूप से छात्रों के ज्वलंत मुद्दों, परीक्षाओं में पेपर लीक, भ्रष्टाचार, और रोजगार के अवसरों की मांग को लेकर निकाला था। इसके अलावा सिवान डीएम पर कार्रवाई की मांग भी इसमें शामिल थी.

Q2: पुलिस कार्रवाई के दौरान किन नेताओं को हिरासत में लिया गया?

Ans: प्रदर्शन के दौरान हिंसक झड़प और बैरिकेड तोड़ने की कोशिश के बाद पुलिस ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव, सांसद मीसा भारती और कई अन्य प्रमुख नेताओं व कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया.

Q3: मीसा भारती ने सरकार पर क्या मुख्य आरोप लगाए?

Ans: मीसा भारती ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार तानाशाही रवैया अपना रही है और छात्रों की आवाज को दबाने के लिए वह वॉटर कैनन ही नहीं बल्कि भविष्य में गोलियां चलवाने से भी पीछे नहीं हटेगी.

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ममता पाठक

ममता पाठक

Chief Editor

ममता पाठक न्यूज़रूम की संपादकीय दिशा तय करने वाली प्रमुख स्तंभ हैं। अंतरराष्ट्रीय खबरों की गहरी समझ और वर्षों के अनुभव के साथ, वे कंटेंट की गुणवत्त...

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