Breaking
► बाहुबली विधायक अनंत सिंह की बगावत, जेडीयू उम्मीदवार के खिलाफ खोला मोर्चा ► आयकर विभाग को नहीं मिल रहा 5,121 करोड़ रुपये के लेनदेन का हिसाब ► नवादा: रेलवे कॉलोनी में मां दुर्गा का पट खुलते ही उमड़े श्रद्धालु, बंगाली रीति-रिवाजों से हो रही पूजा ► हरदोई में आईडीबीआई बैंक के निजीकरण के खिलाफ प्रदर्शन, कर्मियों ने बांधी काली पट्टी ► वाराणसी: मिशन शक्ति 6.0 के तहत कैंट थाने में सम्मानित हुए सुलह करने वाले परिवार ► औरेया में अनोखा मामला: 75 साल के बुजुर्ग और 30 साल की युवती की शादी तय ► दुनिया में सबसे ज्यादा एसिड अटैक किस देश में होते हैं? जानें भारत और पाकिस्तान की स्थिति ► कनॉट प्लेस तिरंगा मार्च: दिल्ली में धारा 163 लागू, CJP संस्थापक अभिजीत दिपके को नोटिस ► सीएम योगी बोले- साढ़े नौ साल में बदला यूपी का खेल परिवेश, मैदानों से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर छा रहीं बेटियां ► रिटायर्ड सैनिकों के लिए जरूरी खबर: DSP अकाउंट को तुरंत कराएं DPA में कन्वर्ट ► बाहुबली विधायक अनंत सिंह की बगावत, जेडीयू उम्मीदवार के खिलाफ खोला मोर्चा ► आयकर विभाग को नहीं मिल रहा 5,121 करोड़ रुपये के लेनदेन का हिसाब ► नवादा: रेलवे कॉलोनी में मां दुर्गा का पट खुलते ही उमड़े श्रद्धालु, बंगाली रीति-रिवाजों से हो रही पूजा ► हरदोई में आईडीबीआई बैंक के निजीकरण के खिलाफ प्रदर्शन, कर्मियों ने बांधी काली पट्टी ► वाराणसी: मिशन शक्ति 6.0 के तहत कैंट थाने में सम्मानित हुए सुलह करने वाले परिवार ► औरेया में अनोखा मामला: 75 साल के बुजुर्ग और 30 साल की युवती की शादी तय ► दुनिया में सबसे ज्यादा एसिड अटैक किस देश में होते हैं? जानें भारत और पाकिस्तान की स्थिति ► कनॉट प्लेस तिरंगा मार्च: दिल्ली में धारा 163 लागू, CJP संस्थापक अभिजीत दिपके को नोटिस ► सीएम योगी बोले- साढ़े नौ साल में बदला यूपी का खेल परिवेश, मैदानों से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर छा रहीं बेटियां ► रिटायर्ड सैनिकों के लिए जरूरी खबर: DSP अकाउंट को तुरंत कराएं DPA में कन्वर्ट

आसमान में दिखा अद्भुत नजारा: 96 प्रतिशत चांद पर छाया अंधेरा, अमेरिका से यूरोप तक उमड़े लोग

आसमान में दिखा अद्भुत नजारा: 96 प्रतिशत चांद पर छाया अंधेरा, अमेरिका से यूरोप तक उमड़े लोग

ब्रह्मांड अपनी अदभुत और रहस्यमयी घटनाओं से आए दिन इंसान को हैरान करता रहता है। अंतरिक्ष प्रेमियों के लिए एक बेहद ही रोमांचक और दुर्लभ नजारा देखने को मिला, जब आसमान में एक आंशिक चंद्र ग्रहण (Partial Lunar Eclipse) ने लोगों को अपनी ओर आकर्षित किया। इस खगोलीय घटना के दौरान पूर्णिमा के चांद यानी 'स्टर्जन मून' का करीब 96 प्रतिशत हिस्सा पृथ्वी की गहरी छाया के आगोश में समा गया। इस मनमोहक और विस्मयकारी दृश्य को देखने के लिए दुनिया भर के कई हिस्सों में लोग अपने घरों से बाहर निकल आए और इस ऐतिहासिक पल को अपनी आंखों में कैद किया।

अमेरिका से लेकर यूरोप तक आसमान में गजब का रोमांच

इस अद्भुत खगोलीय घटना का मुख्य गवाह उत्तरी अमेरिकी महाद्वीप और यूरोपीय देश बने। अमेरिका के कोलोराडो और टेक्सस से लेकर राजधानी वाशिंगटन डीसी तक आसमान में गजब का उत्साह देखा गया। कैलिफोर्निया से लेकर उत्तरी कैरोलिना तक के खुले आसमान के नीचे लोगों की भारी भीड़ इस दुर्लभ चंद्र ग्रहण का दीदार करने के लिए जमी रही। खगोल विज्ञान में रुचि रखने वाले जानकारों का कहना है कि इतने बड़े पैमाने पर चांद का ढका जाना और उसका लालिमायुक्त या धुंधला रूप लेना अपने आप में एक अनोखा अनुभव होता है।

केवल खगोल प्रेमी ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों और खेल प्रेमियों ने भी इस शानदार नजारे का लुत्फ उठाया। ओहायो के क्लीवलैंड शहर में चल रहे एक एनएफएल (NFL) प्री-सीजन फुटबॉल मैच के दौरान जब पैट्रियट्स और ब्राउन आमने-सामने थे, तो स्टेडियम में मौजूद हजारों दर्शकों ने खेल के साथ-साथ आसमान में इस खगोलीय रोमांच का भी दीदार किया। खिलाड़ियों से लेकर दर्शकों तक की निगाहें कुछ देर के लिए खेल के मैदान से हटकर ऊपर आसमान की ओर टिक गईं।

यूरोप में भी रही गजब की उत्सुकता

महासागर पार यूरोप महाद्वीप के देशों में भी इस आंशिक चंद्र ग्रहण को लेकर लोगों में भारी उत्साह देखने को मिला। ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और अन्य यूरोपीय देशों में साफ मौसम के चलते लोगों ने इस न सिर्फ अपनी नंगी आंखों से देखा, बल्कि अपने कैमरों और टेलीस्कोप में इसकी खूबसूरत तस्वीरें भी उतारीं। सोशल मीडिया पर देखते ही देखते इन तस्वीरों की बाढ़ आ गई, जहां दुनिया भर के यूजर्स चांद के इस अनोखे रूप को साझा करते नजर आए।

क्या होता है आंशिक चंद्र ग्रहण?

विज्ञान की भाषा में समझें तो जब सूर्य, पृथ्वी और चंद्रमा एक सीधी रेखा में आते हैं, लेकिन तीनों पूरी तरह से संरेखित (aligned) नहीं होते, तब पृथ्वी की छाया चंद्रमा के एक बड़े हिस्से को ढक लेती है। इस बार के ग्रहण में चांद का मामूली सा हिस्सा ही सूरज की रोशनी के संपर्क में बच पाया था, जबकि बाकी का 96 प्रतिशत हिस्सा पूरी तरह अंधेरे में डूब गया था। यही वजह थी कि चांद का रंग और उसका आकार बेहद अलग और रहस्यमयी नजर आ रहा था।

खगोलीय घटनाओं का बढ़ता क्रेज

हाल के कुछ वर्षों में अंतरिक्ष और खगोलीय घटनाओं को लेकर आम जनता में जागरुकता और उत्सुकता काफी तेजी से बढ़ी है। चाहे सुपरमून का दिखना हो, उल्कापिंडों की बारिश (Meteor Showers) हो या फिर इस तरह के आंशिक और पूर्ण चंद्र ग्रहण, लोग अब इन पलों को मिस नहीं करना चाहते हैं। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी इस तरह के आयोजन युवाओं और छात्रों को अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति प्रेरित करते हैं।

  • घटना का प्रकार: आंशिक चंद्र ग्रहण (Partial Lunar Eclipse)
  • प्रभावित क्षेत्र: अमेरिका, यूरोप और अन्य हिस्से
  • मुख्य आकर्षण: स्टर्जन मून का 96 प्रतिशत हिस्सा पृथ्वी की छाया में समाया
  • दर्शकों की प्रतिक्रिया: स्टेडियम के खेल प्रेमियों से लेकर आम जनता में भारी उत्साह

वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के लिए भी इस प्रकार के ग्रहण डेटा जुटाने और अंतरिक्ष की गतिशीलता को समझने का एक बेहतरीन अवसर प्रदान करते हैं। आने वाले महीनों में भी कई और खगोलीय घटनाएं आसमान में अपनी छटा बिखेरने के लिए तैयार हैं, जिनका इंतजार अंतरिक्ष प्रेमियों को बेसब्री से है। बहरहाल, इस बार के इस 96 प्रतिशत ग्रहण ने दुनिया भर के लोगों को एक बार फिर से प्रकृति के इस विशाल मंच पर हो रहे चमत्कारों के सामने अवाक कर दिया है।

About the Author

अनुराधा दुबे

अनुराधा दुबे

Content Writer

अनुराधा दुबे एक समर्पित और अनुभवी कंटेंट राइटर हैं, जो भारत से जुड़ी राजनीतिक, सामाजिक और नीतिगत खबरों को गहराई से समझकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। उन...

Read More

अगली खबर पढ़ें:

आगे पढ़ें →